90 किलो चांदी से सजा मां बिजासन का गर्भगृह, बगलामुखी से मैहर तक मंदिरों में उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़


मध्य प्रदेश में शारदीय नवरात्र का पावन पर्व बेहद उत्साह और आस्था के साथ शुरू हो गया है। रविवार को नवरात्र के पहले दिन तड़के से ही प्रदेशभर के प्रमुख माता मंदिरों में दर्शन और पूजा-अर्चना के लिए श्रद्धालुओं का सैलाब उमड़ पड़ा। आगर मालवा, मैहर, उज्जैन, भोपाल और नीमच समेत सभी जिलों के प्रसिद्ध शक्तिपीठों में सुबह मंगला आरती के साथ ही भक्तों की लंबी-लंबी कतारें देखने को मिलीं।
इस बार शारदीय नवरात्र पर्व 11 अक्टूबर से शुरू हुआ है जो 19 अक्टूबर तक बड़े ही धूमधाम से मनाया जाएगा। नवरात्र के पहले दिन घटस्थापना के साथ ही पूरा माहौल भक्तिमय हो गया। मंदिरों में भक्तों की सहूलियत और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए प्रशासन ने भी पुख्ता इंतजाम किए हैं ताकि दर्शन करने आने वाले लोगों को किसी भी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े।
आगर मालवा में बगलामुखी माता के दर्शन को पहुंचे 75 हजार से ज्यादा भक्त
दरअसल आगर मालवा जिले के नलखेड़ा में स्थित विश्व प्रसिद्ध मां बगलामुखी मंदिर में तड़के 4 बजे से ही भक्तों का आना शुरू हो गया था। सुबह 4 बजे मंगला आरती के साथ ही मंदिर के पट श्रद्धालुओं के लिए खोल दिए गए। सुबह 11 बजे तक ही करीब 75 हजार से अधिक श्रद्धालुओं ने मां बगलामुखी के दर्शन कर आशीर्वाद लिया। पूरा मंदिर परिसर ‘जय माता दी’ और मां के भजनों के जयकारों से लगातार गूंजता रहा।
सेंधवा के बिजासन माता मंदिर में 90 किलो चांदी से सजा गर्भगृह

बड़वानी जिले के सेंधवा में स्थित प्रसिद्ध मां बड़ी बिजासन माता मंदिर में इस बार बेहद खास नजारा देखने को मिला। नवरात्र के पावन मौके पर मंदिर के गर्भगृह की दीवारों को करीब 90 किलो चांदी से भव्य रूप से सजाया गया है, जिसकी कीमत लगभग दो करोड़ रुपये बताई जा रही है। चांदी से चमकता गर्भगृह और माता का अलौकिक रूप देखकर यहां पहुंचने वाले सभी श्रद्धालु पूरी तरह भावविभोर हो गए।
मैहर के मां शारदा धाम और उज्जैन के हरसिद्धि मंदिर में उमड़ी भीड़

मैहर के प्रसिद्ध मां शारदा धाम में भी शारदीय नवरात्र मेले का भव्य आगाज हो गया है। रविवार तड़के 3 बजे जैसे ही मंदिर के मुख्य कपाट खुले, सीढ़ियों से लेकर मुख्य मंदिर परिसर तक भक्तों की भारी भीड़ नजर आई। इसी तरह उज्जैन के प्रसिद्ध हरसिद्धि माता मंदिर और गढ़ कालिका मंदिर में भी विशेष पूजा-अर्चना और आरती की गई, जहां हजारों की संख्या में लोगों ने मत्था टेका।
भोपाल और नीमच समेत प्रदेशभर के शक्तिपीठों में भक्ति का माहौल
राजधानी भोपाल के प्रसिद्ध कर्फ्यू वाली माता मंदिर में भी सुबह से ही श्रद्धालु पूजा-पाठ और जल चढ़ाने के लिए लाइन में लगे रहे। वहीं, नीमच में ‘मालवा की वैष्णो देवी’ कहे जाने वाले भादवा माता मंदिर में घटस्थापना से पहले भव्य महाआरती का आयोजन किया गया। उमरिया के बिरसिंहपुर पाली में मां बिरासनी शक्तिपीठ पर भी वैदिक विधि-विधान से घट पूजन कर 9 दिनों के अनुष्ठान की शुरुआत की गई।

इंदौर कालका माता मंदिर

इंदौर के बिजासन माता











