सीहोर में दबंगई, चलती बस रुकवाकर चालक-परिचालक को पीटा, 12 हजार रुपए छीने


सीहोर जिले के रेहटी थाना इलाके से एक सनसनीखेज वारदात सामने आई है। बुधवार सुबह करीब 10 बजे हरदा से भोपाल की ओर जा रही इंदिरा बस सर्विस की यात्री बस को दबंगों ने बीच रास्ते में रोक लिया। इसके बाद करीब 20 से 25 अज्ञात लोगों ने मिलकर बस के चालक और परिचालक के साथ बुरी तरह मारपीट शुरू कर दी। इस अचानक हुए हमले से मौके पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
दरअसल, यह घटना बोरी गांव के पास स्थित काला गेट के पास हुई। आरोप है कि हमलावरों ने न सिर्फ कर्मचारियों के साथ हाथापाई की, बल्कि बस पर दनादन पत्थर बरसाकर तोड़फोड़ भी की। इस दौरान परिचालक के पास रखे किराए के करीब 12 हजार रुपए भी दबंगों ने छीन लिए। बीच सड़क पर हुई इस दबंगई और तोड़फोड़ का एक वीडियो भी सामने आया है, जो अब तेजी से वायरल हो रहा है।
अचानक हुई घटना से सहम गए यात्री
जानकारी के मुताबिक, रोजाना की तरह बस हरदा से सवारियां भरकर भोपाल के लिए रवाना हुई थी। जैसे ही बस बोरी गांव के पास पहुंची, तभी कुछ लोगों ने गाड़ियों से आकर बस का रास्ता रोक लिया। देखते ही देखते 20 से 25 युवकों ने बस को घेर लिया और चालक-परिचालक पर हमला बोल दिया। इस दौरान करीब आधे घंटे तक सड़क पर हंगामा होता रहा, जिससे पूरा इलाका थर्रा उठा।
बस के अंदर बड़ी संख्या में महिलाएं, बच्चे और बुजुर्ग यात्री सवार थे। अचानक हुए इस पथराव और मारपीट को देखकर बस के अंदर चीख-पुकार मच गई और यात्री बुरी तरह दहशत में आ गए। हालात बिगड़ते देख चालक और परिचालक ने गजब की हिम्मत दिखाई। उन्होंने यात्रियों की जान को जोखिम में डाले बिना किसी तरह हिम्मत जुटाकर बस को वहां से सुरक्षित आगे निकाला।
परिचालक के 12 हजार रुपए छीने
इस पूरी घटना के दौरान हमलावरों की दबंगई का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि उन्होंने सार्वजनिक रूप से लूटपाट की। परिचालक का कहना है कि टिकटों की बिक्री के जो करीब 12 हजार रुपए उसके बैग में रखे थे, उन्हें आरोपी छीनकर रफूचक्कर हो गए। वहीं लगातार हुए पथराव की वजह से बस के आगे और साइड के शीशे पूरी तरह से चकनाचूर हो गए।
रेहटी थाने में दर्ज कराई शिकायत
घटना के तुरंत बाद बस मालिक और कर्मचारियों ने रेहटी थाने पहुंचकर पूरे मामले की शिकायत दर्ज कराई है। पुलिस ने पीड़ित कर्मचारियों के बयानों और मौके पर मौजूद लोगों से मिली जानकारी के आधार पर मामले की जांच शुरू कर दी है। हालांकि, अभी तक यह साफ नहीं हो पाया है कि आखिर किस पुरानी रंजिश या विवाद के चलते इस तरह बस को रोककर वारदात को अंजाम दिया गया।











