जीतू पटवारी ने जल जीवन मिशन को कहा ‘भ्रष्टाचार का कमीशन-मिशन’, सरकार से किए सवाल


मध्यप्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने जल जीवन मिशन को लेकर प्रदेश सरकार पर निशाना साधा है। उन्होंने योजना की परियोजनाओं की लागत में बढ़ोत्तरी और ठेके आवंटन की प्रक्रिया पर सवाल उठाते हुए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव से जवाब मांगा है।
कांग्रेस नेता ने कहा कि प्रदेश में जनता के पानी पर भी ठेकेदारों की मौज हो रही है। उन्होंने सवाल किया कि जल जीवन मिशन है या भ्रष्टाचार का कमीशन-मिशन। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार ठेकेदारों को मलाई परोस रही है, जबकि प्रदेश के कई जिलों में लोग पानी के लिए परेशान हैं।
कांग्रेस ने किए सरकार से किए सवाल
जीतू पटवारी ने आरोप लगाया है कि जल जीवन मिशन के तहत 1,265 करोड़ रुपये के काम बिना टेंडर दिए गए और 4,628 परियोजनाओं में ठेकेदारों को फायदा पहुंचाया गया। उन्होंने सिंगरौली जिले की 133 परियोजनाओं की लागत 70 करोड़ रुपये से बढ़कर 256 करोड़ रुपये होने का मुद्दा उठाते हुए सरकार से जवाब मांगा है।
सिंगरौली की परियोजनाओं की लागत में भारी वृद्धि
दैनिक भास्कर की एक रिपोर्ट के अनुसार, सिंगरौली जिले की 133 परियोजनाओं की संशोधित विस्तृत परियोजना रिपोर्ट में लागत 70 करोड़ रुपये से बढ़कर 256 करोड़ रुपये हो गई। रिपोर्ट में इसे लगभग 262 प्रतिशत की वृद्धि बताया गया है। इनमें से 22 परियोजनाओं के काम बिना नए टेंडर के आवंटित किए जाने का भी उल्लेख है। इस रिपोर्ट में मंडला, नरसिंहपुर और शिवपुरी समेत अन्य जिलों की परियोजनाओं की लागत में वृद्धि और पुराने ठेकेदारों को बिना नई निविदा प्रक्रिया के काम सौंपे जाने की जानकारी भी दी गई है।
सरकार से जवाबदेही की मांग
कांग्रेस इस मुद्दे पर सरकार को घेर रही है। जीतू पटवारी ने बीजेपी से पूछा है कि परियोजनाओं की लागत में इतनी बढ़ोतरी क्यों हुई और ठेके आवंटन की प्रक्रिया में पारदर्शिता कैसे सुनिश्चित की गई। उन्होंने मुख्यमंत्री से पूरे मामले पर जवाब देने और हिसाब प्रस्तुत करने की मांग की है।
मध्य प्रदेश में जनता के पानी पर भी ठेकेदारों की मौज हो रही है! इसीलिए, मुख्यमंत्री जी से बार-बार पूछना पड़ता है कि जल जीवन मिशन है या भ्रष्टाचार का कमीशन-मिशन?
₹1,265 करोड़ के काम बिना टेंडर! 4,628 प्रोजेक्ट में ठेकेदारों का फायदा! सिंगरौली के 133 प्रोजेक्ट की लागत ₹70 करोड़… pic.twitter.com/zvpOL7HDFz
— Jitendra (Jitu) Patwari (@jitupatwari) October 30, 2026











