₹1270 करोड़ की डील ने निवेशकों को कराया बुरा फील, शेयर 52 हफ्ते के लो पर

नेक्टर लाइफसाइंसेज के शेयरों में 8 जुलाई, 2025 को तेज गिरावट देखी गई, जो इंट्रा-डे ट्रेडिंग में लगभग 20% गिरकर 52-सप्ताह के निचले स्तर 18.60 रुपये पर पहुंच गए। यह गिरावट कंपनी द्वारा अपने कोर एपीआई और फॉर्मूलेशन बिजनेस को 1,270 करोड़ रुपये में सेफ लाइफसाइंसेज को बेचने की घोषणा के बाद आई है। यह डील निवेशकों आज बहुत बुरा फील कराई है।

डील की डिटेल्स

कंपनी ने सेफ लाइफसाइंसेज प्राइवेट लिमिटेड के साथ एपीआई और फॉर्मूलेशन बिजनेस के ट्रांसफर के लिए बिजनेस ट्रांसफर एग्रीमेंट (BTA) पर हस्ताक्षर किए हैं, जिसकी कुल राशि 1,270 करोड़ रुपये है। इसके अलावा, मेंथॉल बिजनेस की संपत्तियों को भी 20 करोड़ रुपये में बेचा जाएगा। यह डील 20 सितंबर, 2025 तक पूरी होने की उम्मीद है, जो शेयरधारक और नियामक मंजूरी पर निर्भर करेगी।

कंपनी की भविष्य की योजनाएं

इस डील से प्राप्त राशि का उपयोग कंपनी मौजूदा कर्ज चुकाने, नए बिजनेस सेक्टरों में निवेश करने, शेयरधारकों को रिवॉर्ड देने और भविष्य की ग्रोथ प्लान्स के लिए करेगी। कंपनी का कहना है कि यह कदम पुराने और कैपिटल-इंटेंसिव बिजनेस से बाहर निकलकर शेयरहोल्डर्स के लिए वैल्यू क्रिएट करने की दिशा में उठाया गया है।

प्रमोटर का बयान

कंपनी के चेयरमैन संजीव गोयल ने कहा कि यह डील नेक्टर के विकास में एक अहम मोड़ है। उन्होंने कहा कि कंपनी पुराने बिजनेस को बेचकर एक फोकस्ड और इनोवेशन-ड्रिवन कंपनी बनाने की दिशा में आगे बढ़ रही है।

मार्केट का रिएक्शन

इस घोषणा के बाद नेक्टर के शेयरों में भारी गिरावट दर्ज की गई। शेयर 19.6% गिरकर 18.60 रुपये पर पहुंच गया, जो इसका 52-सप्ताह का निचला स्तर है। पिछले एक साल में यह शेयर 26% गिर चुका है, जबकि जुलाई महीने में अभी तक 14% की गिरावट दर्ज की गई है।

क्या करती है कंपनी

नेक्टर लाइफसाइंसेज BSE और NSE में लिस्टेड एक फार्मास्यूटिकल कंपनी है, जो एपीआई और फॉर्मूलेशन के क्षेत्र में काम करती है। अब कंपनी कम कैपिटल वाले और हाई-ग्रोथ वाले हेल्थकेयर सेक्टर में जाने की तैयारी कर रही है।

डिस्‍क्‍लेमर: एक्सपर्ट्स की सिफारिशें, सुझाव, विचार और राय उनके अपने हैं, लाइव हिन्दुस्तान के नहीं। यहां सिर्फ शेयर के परफॉर्मेंस की जानकारी दी गई है, यह निवेश की सलाह नहीं है। शेयर मार्केट में निवेश जोखिमों के अधीन है और निवेश से पहले अपने एडवाइजर से परामर्श कर लें।