धौलपुर बॉर्डर पर फर्जी आरटीओ बन कर अवैध वसूली, हिस्ट्रीशीटर गिरफ्तार; दो एफआईआर दर्ज

धौलपुर: धौलपुर की सीमा पर खुद को आरटीओ कर्मी बताकर बाहन चालकों से राष्ट्रीय राजमार्ग पर अवैध वसूली करने वाले एक शख्स को हिरासत में लिया है. आपको बता दें कि हाल ही में परिवहन विभाग द्वारा सोशल मीडिया के माध्यम से वायरल हो रही वीडियो पर संज्ञान लेते हुए परिवहन विभाग ने फर्जी आरटीओ कर्मी के खिलाफ कार्रवाई करते हुए दो अलग-अलग एफआईआर दर्ज कराई गई है.

पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है. बता दें कि एक चैनल द्वारा एक वीडियो प्रसारित किया जा रहा है जिसमें धौलपुर बॉर्डर पर राजस्थान में फर्जी तरीके से आरटीओ कर्मी बन व्यक्ति द्वारा ड्राइवर से जबरन अवैध वसूली की जा रही है. जिसमें व्यक्ति द्वारा ड्राइवर को मारने की धमकी देकर अभद्रता पूर्वक व्यवहार किया जा रहा है एवं गाली-गलौज देकर उससे जबरन एंट्री मांगी जा रही हैं.

जिसका संज्ञान में आने पर विभाग द्वारा जांच की गई तो पाया गया कि यह व्यक्ति न तो पुलिस से संबंधित है एवं न ही परिवहन विभाग का कोई कर्मचारी है. उक्त व्यक्ति एक आदतन अपराधी और हिस्ट्रीशीटर है जिस पर पूर्व में भी कई मुकदमे दर्ज हैं. उसके द्वारा बिभाग की छवि को धूमिल किया गया है. जिसके चलते अबैध वसूली करने वाले मगंल सिंह उर्फ मांगे के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता बीएनएस 2023 की धारा 121 धारा 308(2) धारा 351(2) धारा 356(2) में एफआईआर दर्ज कराई गई है.

प्रकरण में पुलिस द्वारा उक्त व्यक्ति को गिरफ्तार कर सलाखों के पीछे डाला गया है एवं अनुसंधान जारी है. परिवहन विभाग द्वारा जिले में अन्य राज्यों से आने वाले वाहनों पर कर अपवंचना की प्रभावी रोकथाम के लिए अन्य राज्यों से राज्य के प्रवेश मार्गों पर नियमित रूप से सघन जांच कर बिना कर चुकाये संचालित वाहनों के विरुद्ध राजस्थान मोटर कराधान अधिनियम 1951 के तहत नियमानुसार कार्रवाई की जाती है.

साथ ही ऐसे वाहन जो नियम विरुद्ध संचालित होते हैं जैसे ओवरलोड रिफ्लेक्टर टेप, डबल डीजल टैंक ओवर हाइट आदि के विरुद्ध भी प्रभावी जांच कर चालान की कार्रवाई की जाती है. जिला परिवहन अधिकारी गौरव यादव ने बताया कि भविष्य में ऐसे व्यक्ति जो वाहन चालकों को अपना हथियार बनाकर अपने स्वार्थ सिद्ध करने की मंशा से विभाग की छवि को धूमिल करने हेतु ऐसे कृत्य करते हैं या वीडियो बनाकर वायरल करवाते हैं, ऐसे व्यक्तियों के विरुद्ध मुख्यमंत्री राजस्थान सरकार की जीरो टॉलरेंस नीति के अंतर्गत विभाग को राजस्व नुकसान पहुंचाने एवं राज्य कार्य में बाधा डालने के लिए विभाग द्वारा एफआईआर दर्ज करवाई जावेगी.

close