PM Modi बोले- भारत और पोलैंड Democratic Values और Rule of Law में विश्वास रखते हैं, कई एमओयू साइन


प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भारत के दौरे पर आये पोलैंड के प्रधानमंत्री डोनाल्ड टस्क का स्वागत करते हुए कहा मुझे बहुत खुशी हो रही है। 2024 में मेरी पोलैंड यात्रा के दौरान उन्होंने मेरा और मेरे delegation का आत्मीय स्वागत किया था। उस यात्रा में हमने अपने संबंधों को रणनीतिक साझेदारी (Strategic Partnership) का दर्जा दिया। इसी मजबूत आधार पर पिछले 2 वर्षों में हमारी साझेदारी ने नई गति पकड़ी है और आज प्रधानमंत्री टस्क के साथ हुई बैठक में हमने अपनी Strategic Partnership को और अधिक सुद्रढ़ करने के लिए कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए हैं।
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा भारत और पोलैंड की मित्रता केवल कूटनीतिक संबंधों पर नहीं, बल्कि मानवता और संवेदना की साझी विरासत पर आधारित है। द्वितीय विश्वयुद्ध के दौरान जामनगर और कोल्हापुर के राज परिवारों ने पोलैंड के हजारों बच्चों और परिवारों को भारत में आश्रय दिया था। आज भी पोलैंड के लोग जाम साहब को Dobry Maharadża (The Good Maharaja) के नाम से याद करते हैं।
प्रधानमंत्री ने कहा हमारी बढ़ती आर्थिक ताकत ने भारत-पोलैंड साझेदारी के लिए नए अवसर पैदा किए हैं और भारत-यूरोपियन यूनियन Free Trade Agreement ने इन अवसरों को और व्यापक बनाया है। भारत ने भी पिछली तिमाही में 7.8 प्रतिशत की शानदार वृद्धि दर्ज की है। हमारी बढ़ती आर्थिक ताकत ने भारत-पोलैंड साझेदारी के लिए नए अवसर पैदा किए हैं, और भारत-यूरोपीय संघ मुक्त व्यापार समझौते ने इन अवसरों को और भी बढ़ा दिया है। एक बार जब यह समझौता लागू हो जाएगा, तो इससे भारत के लिए पोलैंड को मशीनरी, रसायन, प्लास्टिक और इंजीनियरिंग सामान निर्यात करने के नए अवसर खुलेंगे।
मोदी ने कहा मुझे इस बात की विशेष खुशी है कि प्रधानमंत्री डोनाल्ड टस्क एक बड़े व्यापारिक प्रतिनिधिमंडल के साथ भारत आए हैं। हमें पूरा विश्वास है कि दोनों देशों की कंपनियाँ मिलकर दुनिया के लिए भरोसेमंद सप्लाई चेन विकसित करेंगी और 2030 तक द्विपक्षीय व्यापार को दोगुना करने के हमारे साझा लक्ष्य को हासिल करेंगी। इन समझौते के लागू होने पर भारत से पोलैंड को मशीनरी, केमिकल्स, प्लास्टिक और इंजीनियरिंग गुड्स के निर्यात के नए अवसर खुलेंगे।
भारत में स्थापित होगा ‘इंडिया-पोलैंड स्टार्टअप ब्रिज’
उन्होंने कहा IT और साइबर सुरक्षा के क्षेत्र में हमारे संबंध पहले से ही मजबूत हैं, और कई भारतीय IT कंपनियां पोलैंड में काम कर रही हैं। इस सहयोग को आगे बढ़ाते हुए, हमने ‘इंडिया-पोलैंड स्टार्टअप ब्रिज’ स्थापित करने का निर्णय लिया है। हम दोनों देशों के युवाओं के लिए टेक्नोलॉजी हैकाथॉन का भी आयोजन करेंगे। इन पहलों से AI, साइबर, फिनटेक और अन्य उभरती हुई तकनीकों के क्षेत्र में हमारे सहयोग को नई गति मिलेगी।
क्राकोव शहर में भारत ने की है Indian Studies Chair की स्थापना
मोदी ने कहा आज हमने रक्षा, अंतरिक्ष न्यूक्लियर एनर्जी में संबंधों को प्रगाढ़ करने पर सहमति बनाई है। इन सभी क्षेत्रों में हम पोलैंड की कम्पनियों को भारत के साथ Co-Development और Co-Production करने के लिए आमंत्रित करते हैं। संस्कृति और लोगों के बीच आपसी संबंध हमारे संबंधों की सबसे बड़ी ताकत हैं। प्रधानमंत्री ने कहा हमें बहुत खुशी है कि पोलैंड में संस्कृत अध्ययन और Indology की समृद्ध परंपरा है। क्राकोव शहर में हमने Indian Studies Chair की स्थापना की है।
भारत और पोलैंड में कई समानताएं
मोदी ने कहा कि दोनों देशों के बीच बहुत समानताएं हैं भारत और पोलैंड दोनों लोकतांत्रिक मूल्यों (Democratic Values) और कानून का शासन (Rule of Law) में विश्वास रखते हैं। हमारा मानना है कि Global Governance Institutions को अधिक सशक्त और प्रभावी बनाने के लिए उसमें सुधार आवश्यक है। यूक्रेन हो या पश्चिमी एशिया, भारत शांति की दिशा में किये गए हर सार्थक प्रयास का समर्थन करता रहेगा।











