उमंग सिंघार का सरकार से सवाल, आदिवासी बच्चों को उनका अधिकार कब मिलेगा? नितिन गडकरी के बयान पर भी साधा निशाना

मध्य प्रदेश में नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने मध्य प्रदेश सरकार और मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव पर निशाना साधा है, उन्होंने आदिवासी बच्चों के अधिकारों को लेकर सवाल उठाये हैं साथ ही केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी के मध्य प्रदेश में भ्रष्टाचार को लेकर किये गए इशारे पर भी निशाना साधा है।

उमंग सिंघार ने आज अपने सोशल मीडिया एकाउंट X पर प्रदेश की भाजपा सरकार को अलग अलग मुद्दों पर घेरा है, उन्होंने इंदौर में एकलव्य स्कूल की बिल्डिंग 8 साल में भी पूरी नहीं होने पर तंज कसा है वहीं प्रदेश की डबल इंजन सरकार  को लेकर भी सिंघार ने निशाना साधा ने, नेता प्रतिपक्ष ने केंद्रीय मंत्री गडकरी के बयान पर प्रदेश में भ्रष्टाचार एक आरोप लगाये।

सिंघार ने पूछा, आदिवासी बच्चों को उनका अधिकार कब मिलेगा?

उमंग सिंघार ने लिखा- आदिवासी बच्चों के अधिकारों के साथ यह कैसा अन्याय है? इंदौर में आदिवासी बच्चों के बेहतर भविष्य के लिए घोषित एकलव्य स्कूल 8 साल बाद भी अधूरा है। 2018 में जमीन आवंटन के बाद ₹27 करोड़ की लागत से बनने वाले स्कूल का निर्माण आज तक पूरा नहीं हुआ और बनी हुई बिल्डिंग भी जर्जर हो रही है, उन्होंने कहा भाजपा सरकार को अपने प्रचार की नहीं, आदिवासी बच्चों के भविष्य की चिंता करनी चाहिए। मुख्यमंत्री जी, आदिवासी बच्चों को उनका अधिकार कब मिलेगा? स्कूल की बदहाली और देरी की जिम्मेदारी कौन लेगा?

गडकरी के बयान पर भ्रष्टाचार को लेकर उठाये सवाल 

उमंग सिंघार ने लिखा-  विकास का नहीं, भ्रष्टाचार का डबल इंजन है, मध्यप्रदेश में भाजपा की डबल इंजन सरकार है। एक इंजन दिल्ली में और दूसरा भोपाल में। फिर भी केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी खुद कह रहे हैं कि RTO अफसर नोट देखकर गलत बसों को पास करते हैं और पर ठप्पा मार देते हैं। जब आपकी अपनी सरकार के मंत्री ही सिस्टम में भ्रष्टाचार की यह तस्वीर बता रहे हैं, तो डबल इंजन सरकार आखिर कर क्या रही है? RTO में भ्रष्टाचार रोकने की जिम्मेदारी किसकी है? परिवहन व्यवस्था सुधारने की जिम्मेदारी किसकी है? जनता की जान से खिलवाड़ करने वाली गलत बसों पर कार्रवाई की जिम्मेदारी किसकी है?

 

jagjaahir desk

पिछले 7 वर्षों से पत्रकारिता के क्षेत्र में अपनी सेवाएं दे रहा हूं। मुझे डिजिटल से लेकर इलेक्ट्रॉनिक मीडिया का अनुभव है।
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