Google के सीईओ Sundar Pichai ने किया बड़ा ऐलान, भारत में करेंगे 1,36,650 करोड़ का निवेश

India AI Impact Summit 2026 में Google CEO Sundar Pichai ने एक बड़ा ऐलान किया है. सुंदर पिचाई ने कहा कि भारत में हर बार वापस आना अद्भुत है क्योंकि प्रगति की रफ्तार को देख हैरानी होती है. PM Modi और बाकी बड़ी हस्तियों की मौजूदगी में सुंदर पिचाई ने उन दिनों की यादों को भी साझा किया है जब वह छात्र थे, उन्होंने बताया कि वह चेन्नई से आईआईटी खड़गपुर के लिए कोरोमंडल एक्सप्रेस से सफर करते थे तो रास्ते में विशाखापत्तनम से होकर गुजरते थे. उस वक्त वह एक शांत तटीय शहर था जहां संभावनाएं तो काफी थी लेकिन डेवलपमेंट काफी सीमित था.
सुंदर पिचाई का भारत में बड़े निवेश का प्लान
पुरानी यादों को ताजा करते हुए सुंदर पिचाई ने कहा कि विशाखापट्टनम एक वैश्विक एआई हब बन रहा है. विशाखापट्टनम में गूगल ने 15 अरब डॉलर के निवेश के हिस्से के रूप में एक पूर्ण-स्टैक एआई हब स्थापित किया है. कंपनी अगले पांच सालों में यानी 2026 से 2030 तक भारत में 1,36,650 करोड़ (15 अरब डॉलर) का निवेश करने की तैयारी में है.
इस हब में बड़े पैमाने पर गणना और एक सबसी केबल गेटवे शामिल होगा, जो भारत में नौकरियों और एआई क्षमताओं को लाएगा. इस एआई हब के स्थापित होने पर इसमें गीगावाट स्तर की कंप्यूटिंग क्षमता भी होगी. यह कंपनी का भारत में अब तक का सबसे बड़ा इंवेस्टमेंट है. पिछले साल अक्टूबर में, सरकार ने कहा था कि यह फैसिलिटी गीगावाट-स्केल डेटा सेंटर कैपेसिटी, बड़े फाइबर नेटवर्क, एडवांस्ड AI इंफ्रास्ट्रक्चर और क्लीन एनर्जी सोर्स को एक साथ लाएगी ताकि बड़े पैमाने पर AI रिसर्च, एप्लिकेशन और सर्विसेज को सपोर्ट किया जा सके.
UN महासचिव का बड़ा बयान
UN महासचिव एंटोनियो गुटारेस ने एआई समिट के दौरान कहा कि एआई के भविष्य को कुछ अरबपतियों की सनक पर नहीं छोड़ा जा सकता है. एआई हर किसी का होना चाहिए, हमें प्रचार और भय को साझा साक्ष्य और वैश्विक ज्ञान के साथ बदलना चाहिए. उन्होंने अपनी बात को आगे रखते हुए ये भी कहा कि बिना निवेश के कई देश एआई की दौड़ से बाहर हो जाएंगे.











