जबलपुर: सुअर के लिए बिछाया जाल, खुद फंस गए चाचा-भतीजे… करंट लगने से दोनों की मौत

मध्य प्रदेश के जबलपुर जिला मुख्यालय से लगभग 30 किलोमीटर दूर स्थित चरगवां थाना क्षेत्र के ग्राम उमरिया में देर रात एक हृदयविदारक हादसे ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया. खेतों को जंगली सुअरों से फसल को बचाने के लिए बिछाए गए जाल से करंट की चपेट में आने से चाचा-भतीजे की दर्दनाक मौत हो गई. घटना के बाद गांव में मातम पसरा है और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है. बताया जा रहा है कि खेत की मेड़ के पास बिजली का नंगा तार फैलाकर उसमें करंट प्रवाहित किया गया था. आशंका जताई जा रही है कि यह तार जंगली जानवरों, खासकर सूअरों के शिकार या उन्हें खेतों से दूर रखने के उद्देश्य से लगाया गया था. यह तरीका न केवल गैरकानूनी है, बल्कि बेहद खतरनाक भी है.
दरअसल, दियाखेड़ा निवासी 28 वर्षीय किशन टेकाम अपने रिश्तेदार गोविंद (नाबालिग) के साथ किसी काम से चरगवां गए थे. 25 फरवरी को दोनों घर से निकले थे और गुरुवार सुबह जंगल के रास्ते पैदल लौट रहे थे. उनके हाथ में लोहे की सरिया भी थी. उमरिया-डुंगरिया जंगल के पास अंधेरे और झाड़ियों के बीच उन्हें खेत की मेड़ पर फैले करंटयुक्त तार का अंदाजा नहीं हो सका. जैसे ही वे तार की चपेट में आए तो तेज करंट लगने से दोनों मौके पर ही गिर पड़े.