सुजौली में हरखापुर – सुजौली – कारिकोट मार्ग के लिए हुई आंदोलन की शुरुआत,7 मार्च को तहसील पर जिलाधिकारी को दिया जाएगा ज्ञापन

उत्तर प्रदेश : बहराइच जनपद मुख्यालय से करीब 100 किलोमीटर से ज्यादा दूरी पर स्थित कारीकोट- सुजौली – हरखापुर मार्ग पूर्ण रूप से जर्जर हो गया है बताया जा रहा है कि इस सड़क के जर्जर होने से आए दिन हादसे होते रहते हैं पिछले एक दशक से ज्यादा समय से ग्रामीण इस सड़क के निर्माण कार्य की मांग कर रहे हैं लेकिन सड़क का निर्माण कार्य नहीं हो पा रहा है ग्रामीणों के मुताबिक कई वर्षों पहले सुजौली से हरखापुर की तरफ वाहन चलते थे सेंट्रल स्टेट फॉर्म भी खुला हुआ था.
लेकिन सेंट्रल स्टेट फॉर्म बंद होने के बाद और त्रिमुहानी घाट का पुल जर्जर होने के बाद सड़क का निर्माण कार्य भी नहीं किया गया जिसके चलते सड़क पूर्ण रूप से बाधित हो चुकी है जिससे आए दिन बड़ी समस्याओं का सामना करना पड़ता है वही सुजौली से कारिकोट जाने वाला मार्ग भी पूर्ण रूप से जर्जर हो चला है करीब 5 किलोमीटर मार्ग पर आधा दर्जन से ज्यादा पुलिया स्थित है जो की जर्जर हो चली है.
हजारों ग्रामीणों का आवागमन प्रतिदिन सड़क पर होता है सड़क के निर्माण हेतु ग्रामीणों ने कई बार संबंधित अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों से गुहार लगाई है लेकिन बीते कई सालों से इन सड़कों का निर्माण कार्य नहीं हो पाया है जिसके चलते ग्रामीण काफी परेशान है इस दौरान सुजौली ग्राम पंचायत भवन पर ग्रामीणों ने सैकड़ो की संख्या में एकत्र होकर सड़क के निर्माण हेतु आंदोलन का इजाद किया है.
ग्रामीणों के मुताबिक 7 मार्च को ग्रामीण एकत्र होकर तहसील मोतीपुर मिहिपुरवा जाएंगे जहां पर तहसील दिवस के दौरान सड़क निर्माण और पुलिया निर्माण करवाने हेतु जिलाधिकारी बहराइच को ज्ञापन दिया जाएगा जिसमें समय सीमा भी निर्धारित रहेगी इसके बाद भी अगर सड़क निर्माण कार्य नहीं चालू होता है तो ग्रामीणों के द्वारा आंदोलन ओर धरना प्रदर्शन किया जाएगा.