गडकरी का बड़ा ऐलान! हाइड्रोजन से चलेंगे बस और ट्रक, साथ आए Reliance-Tata समेत कई दिग्गज

भारत की सड़कों पर अब हाइड्रोजन से चलने वाली बसें और ट्रक भी दौड़ेंगे. देश में स्वच्छ और सस्ते ईंधन को बढ़ावा देने की दिशा में केंद्र सरकार ने एक बड़ा कदम उठाया है. केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने घोषणा की है कि जल्द ही भारत की 10 प्रमुख सड़कों पर हाइड्रोजन से चलने वाली बसों और ट्रकों का पायलट प्रोजेक्ट शुरू किया जाएगा.
गडकरी ने यह ऐलान मारुति सुजुकी के उस कार्यक्रम में किया, जहां कंपनी ने देश की पहली फ्लेक्स फ्यूल मारुति वैगनआर को लॉन्च किया. गडकरी ने कहा कि इस योजना में कई बड़ी भारतीय कंपनियां शामिल हो चुकी हैं. इनमें रिलायंस इंडस्ट्रीज, टाटा समूह, एनटीपीसी और अशोक लेलैंड जैसी प्रमुख कंपनियां शामिल हैं.
हाइड्रोजन बनेगा भविष्य का ईंधन
गडकरी ने कहा कि हाइड्रोजन भविष्य का ईंधन है और भारत ने इसके उत्पादन पर काम शुरू कर दिया है. उनका मानना है कि आने वाले सालों में हाइड्रोजन से चलने वाले वाहन परिवहन क्षेत्र में बड़ा बदलाव ला सकते हैं. उन्होंने कहा कि भारत अब केवल ऊर्जा आयात करने वाला देश नहीं रहेगा, बल्कि ऊर्जा निर्यात करने वाला देश बनने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है.
एथेनॉल और बायोफ्यूल पर भी सरकार का फोकस
गडकरी ने बताया कि देश में एथेनॉल और अन्य वैकल्पिक ईंधनों को बढ़ावा देने के लिए लगातार काम किया जा रहा है. उन्होंने कहा कि एथेनॉल को लेकर पहले कई तरह की गलतफहमियां थीं, लेकिन अब बड़ी कंपनियां भी इस क्षेत्र में निवेश कर रही हैं. इससे साफ है कि भविष्य में इसका उपयोग और बढ़ेगा.
SAF से उड़ेंगे विमान और हेलीकॉप्टर
गडकरी ने सस्टेनेबल एविएशन फ्यूल (SAF) को लेकर भी बड़ा बयान दिया. उन्होंने कहा कि भारत वर्तमान में हर साल लगभग 78,000 टन SAF का उत्पादन कर रहा है. सरकार का लक्ष्य है कि अगले दो वर्षों में भारत SAF का निर्यातक देश बने. भविष्य में लड़ाकू विमान और हेलीकॉप्टर भी इसी ईंधन पर चलाए जा सकेंगे.
पेट्रोल-डीजल की कीमतों पर क्या बोले मंत्री?
कार्यक्रम में केंद्रीय पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने कहा कि वैश्विक तनाव और अंतरराष्ट्रीय संकटों के बावजूद भारत में पेट्रोल और डीजल की कीमतों में बढ़ोतरी दुनिया के कई देशों की तुलना में काफी कम रही है. उन्होंने दावा किया कि ईंधन कीमतों में वृद्धि के मामले में भारत दुनिया के सबसे बेहतर प्रदर्शन करने वाले देशों में शामिल है.











