फर्जी लाइसेंस रैकेट का खुलासा, शिकायत पर पुलिस का छापा

छत्तीसगढ़ के रायगढ़ में एक ट्रेवल्स एजेंसी के यहां पुलिस व आरटीओ विभाग के अधिकारियों ने दबिश दी। मामले में शिकायत मिली थी कि एजेंट फर्जी दस्तावेजों के माध्यम से लाईसेंस बना रहा है। जिसके बाद जांच टीम को कई दस्तावेज मिली है। मामले में सभी दस्तावेजो की जांच की जा रही है। जिसके बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
मिली जानकारी के मुताबिक पुलिस को सूचना मिली कि कुछ नवसीखिए ड्रायवर हैवी वाहन चलाने के लिए जारी लाइसेंसों का उपयोग कर भारी वाहनों को चला रहे हैं।
ऐसे में गुरूवार को पुलिस को लिखित आवेदन में शिकायत मिला कि स्थानीय स्तर पर संचालित बाबा ट्रेवल्स नामक एजेंसी द्वारा कथित रूप से ओड़िशा और अन्य राज्यों के लोगों के लिए फर्जी व भ्रामक दस्तावेज तैयार कर उन्हें रायगढ़, छत्तीसगढ़ का निवासी दर्शाते हुए ड्राइविंग लाइसेंस बनवाने का काम किया जा रहा है।
जिसके बाद मामले में सत्यापन के लिए CSP, यातायात DSP के नेतृत्व में आरटीओ ओर यातायात पुलिस की संयुक्त टीम द्वारा बाबा ट्रेवल्स में दबिश दी गई। जांच के दौरान प्राप्त दस्तावेजों में कई आवेदकों के पते समान पाए गए।
दूसरे राज्यों के लोगों के बन रहे लाइसेंस
प्रारंभिक जांच में यह तथ्य सामने आ रहे हैं कि बाहरी राज्यों के आवेदकों के लिए स्थानीय स्तर पर किरायानामा और शपथ-पत्र तैयार कर उन्हें रायगढ़ का निवासी दर्शाते हुए ड्राइविंग लाइसेंस के लिए आवेदन कराया गया है।
जांच के दौरान यह भी जानकारी मिली कि कुछ मामलों में ड्राइविंग लाइसेंस प्रक्रिया के तहत निर्धारित परीक्षण में वास्तविक आवेदक के स्थान पर अन्य व्यक्तियों को शामिल कर परीक्षण दिलाए जाने के बाद लाइसेंस जारी कराए गए हो सकते हैं।
फर्जीवाड़ा पाए जाने पर होगी कार्रवाई
इस संबंध में जांच टीम द्वारा लगभग 180 लाइसेंसधारियों के दस्तावेजों की जांच व सत्यापन किया जा रहा है। पुलिस और परिवहन विभाग द्वारा संयुक्त रूप से दस्तावेजों, निवास प्रमाणों व लाइसेंस प्रक्रिया से संबंधित अभिलेखों का परीक्षण किया जा रहा है।
जांच में यदि नियमों का उल्लंघन अथवा फर्जीवाड़ा प्रमाणित होता है, तो संबंधित व्यक्तियों व संलिप्त एजेंसियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
कड़ी कार्रवाई की जाएगी
SSP शशि मोहन सिंह ने बताया कि सड़क सुरक्षा से जुड़ी प्रक्रियाओं में किसी भी प्रकार की अनियमितता बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
फर्जी दस्तावेजों के आधार पर लाइसेंस बनवाने की शिकायत गंभीर है। इसमें संलिप्त लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।











