बिलासपुर की सेंट्रल यूनिवर्सिटी में बिहार के छात्र की संदिग्ध मौत पर बवाल, ABVP ने किया घेराव — कार्रवाई और जांच की उठाई मांग

छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में गुरु घासीदास सेंट्रल यूनिवर्सिटी (GGU) में बिहार के छात्र की संदिग्ध मौत के बाद माहौल गरमा गया है। घटना को लेकर अब अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) ने भी मोर्चा खोलते हुए विश्वविद्यालय प्रशासन के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया। गुरुवार को एबीवीपी कार्यकर्ताओं ने कैंपस में रैली निकालकर प्रशासनिक भवन का घेराव किया और जमकर नारेबाजी की।
एबीवीपी ने मांग की कि मामले की निष्पक्ष जांच के लिए एक विशेष समिति (स्पेशल कमेटी) बनाई जाए और हॉस्टल वार्डन सहित सभी जिम्मेदार अधिकारियों पर कड़ी कार्रवाई की जाए। छात्र संगठन ने चेतावनी दी कि यदि समय पर न्याय नहीं मिला तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।
जानकारी के अनुसार, बीएससी फिजिक्स के तीसरे वर्ष के छात्र अर्सलान अंसारी तीन दिन से लापता थे। वह स्वामी विवेकानंद छात्रावास में रहते थे। तीन दिन बाद उनका शव संदिग्ध अवस्था में मिला, जिससे छात्रों में आक्रोश फैल गया। एबीवीपी नेताओं का कहना है कि हॉस्टल प्रबंधन ने छात्र के गायब होने की सूचना समय पर नहीं दी और न ही एफआईआर दर्ज करवाई, जिससे लापरवाही साफ झलकती है।
एबीवीपी यूनिट के अध्यक्ष तुषार साहू ने कहा कि “विश्वविद्यालय प्रशासन की लापरवाही के कारण एक मेधावी छात्र की जान गई है। हॉस्टल अधिकारियों ने अपनी ड्यूटी सही तरीके से नहीं निभाई और घटना छिपाने की कोशिश की।” इकाई मंत्री प्रसून पाठक ने आरोप लगाया कि विश्वविद्यालय की व्यवस्था केवल दिखावे के लिए है और इस संवेदनशील मामले में भी पारदर्शिता नहीं दिखाई जा रही।
छात्र नेताओं ने मांग की कि मृतक छात्र के परिवार को न्याय के साथ आर्थिक मुआवजा भी दिया जाए। वहीं उपाध्यक्ष अविनाश ने कहा कि यह घटना विश्वविद्यालय की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करती है। परिसर के अंदर शव मिलना बेहद चिंताजनक है और इसकी निष्पक्ष जांच जरूरी है।
छात्रों ने आरोप लगाया कि विश्वविद्यालय प्रबंधन दोषियों को बचाने की कोशिश कर रहा है। चीफ वार्डन डॉ. प्रतिभा जे. मिश्रा पर भी सवाल उठाए गए हैं, जिन पर आरोप है कि छात्र की मौत के बाद भी वे एक सांस्कृतिक कार्यक्रम में नृत्य करती नजर आईं।
इस दौरान विभाग संयोजक हेमांशु कौशिक, महानगर मंत्री अतिंद्र दीवान, आराध्य तिवारी, जितेंद्र साहू, शाश्वत शुक्ला, शानू वैष्णव, राहुल, मानसी, राशि और अन्य कार्यकर्ता बड़ी संख्या में मौजूद रहे। एबीवीपी ने चेतावनी दी कि जब तक दोषियों पर कार्रवाई नहीं होती, उनका आंदोलन जारी रहेगा।











