500 रुपये में हिस्सेदारी, 80 फीसदी मुनाफा ड्राइवरों को: भारत टैक्सी की नई सहकारी पहल

केंद्रीय गृह मंत्री Amit Shah ने टैक्सी ड्राइवरों को मालिकाना हक देने के उद्देश्य से ‘भारत टैक्सी’ नामक नई सहकारी मोबिलिटी पहल की शुरुआत की है। इस योजना के तहत ड्राइवर केवल 500 रुपये में शेयर खरीदकर प्लेटफॉर्म के साझेदार बन सकते हैं और मुनाफे में हिस्सा पा सकते हैं।
इस पहल में ड्राइवरों को ‘सारथी’ के रूप में जोड़ा जाएगा। योजना के अनुसार, जैसे-जैसे ड्राइवरों की संख्या बढ़ेगी, वे 500 रुपये का शेयर लेकर कंपनी में भागीदारी कर सकेंगे। बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स में कुछ सीटें विशेष रूप से सारथियों के लिए आरक्षित होंगी, ताकि वे सीधे निर्णय प्रक्रिया में शामिल हो सकें और अपने हितों की रक्षा कर सकें।
महिला ड्राइवरों को भी योजना में प्राथमिकता दी जाएगी। ‘सारथी दीदी’ के रूप में पंजीकृत महिला ड्राइवरों को विशेष सुविधा मिलेगी। यदि कोई अकेली महिला यात्री टैक्सी बुक करती है, तो उसे महिला ड्राइवर उपलब्ध कराने को प्राथमिकता दी जाएगी, जिससे सुरक्षा और आत्मनिर्भरता दोनों को बढ़ावा मिलेगा।
मुनाफा वितरण के मॉडल के तहत कुल कमाई का 20 प्रतिशत हिस्सा सारथियों के खाते में पूंजी के रूप में जमा किया जाएगा, जबकि 80 प्रतिशत राशि ड्राइवरों को उनके द्वारा तय की गई दूरी के आधार पर दी जाएगी। शुरुआती तीन वर्षों में आय का उपयोग प्लेटफॉर्म के विस्तार और विकास में किया जाएगा। इसके बाद शुद्ध मुनाफे का 80 प्रतिशत ड्राइवरों और 20 प्रतिशत कंपनी के हिस्से में जाएगा।
यह देश का पहला ड्राइवर-स्वामित्व वाला सहकारी मोबिलिटी प्लेटफॉर्म बताया जा रहा है। इसमें ड्राइवरों से कमीशन नहीं लिया जाएगा और ग्राहकों को पारदर्शी किराया प्रणाली का लाभ मिलेगा। योजना को सरकारी मान्यता प्राप्त डिजिटल ढांचे पर संचालित किया जाएगा, जिससे पारदर्शिता और भरोसे को मजबूती मिलेगी।










