कोरबा में करंट से मवेशी की मौत:अधिकारियों ने नहीं उठाया फोन, लो वोल्टेज और अघोषित कटौती से भी परेशान हैं शहरवासी

कोरबा में बिजली विभाग की लापरवाही एक बार फिर सामने आई है। शहर के कोसाबाड़ी मुख्य मार्ग पर बिजली के खंभे में उतरे करंट की चपेट में आने से एक सांड की दर्दनाक मौत हो गई। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद बिजली विभाग की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।

जानकारी के मुताबिक, सड़क किनारे स्थित एक बिजली खंभे में करंट उतर आया था। इसी दौरान एक सांड खंभे के संपर्क में आ गया और करंट की चपेट में आकर तड़पने लगा। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, काफी देर तक मवेशी खंभे से चिपका रहा और मौके पर ही उसकी मौत हो गई।

अधिकारियों को कई बार किया फोन, नहीं मिला जवाब

घटना के दौरान मौजूद स्नेक कैचर जितेंद्र सारथी ने बताया कि उन्होंने तत्काल बिजली विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों को कई बार फोन किया, लेकिन किसी ने कॉल रिसीव नहीं की। बाद में स्थानीय लोगों की मदद से बिजली सप्लाई बंद कराई गई, लेकिन तब तक सांड की मौत हो चुकी थी।

स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि समय पर बिजली आपूर्ति बंद कर दी जाती तो मवेशी की जान बचाई जा सकती थी। कुछ दिन पहले पंप हाउस क्षेत्र में भी करंट लगने से एक भैंस की मौत हो चुकी है।

लो वोल्टेज और कटौती से उपभोक्ता परेशान

जिले में बिजली व्यवस्था को लेकर शिकायतें लगातार बढ़ रही हैं। जमनीपाली स्थित सरदार वल्लभभाई पटेल नगर (साडा कॉलोनी) के रहवासी लंबे समय से लो वोल्टेज और अघोषित बिजली कटौती से परेशान हैं। समस्या से नाराज उपभोक्ताओं ने तुलसीनगर स्थित बिजली वितरण कंपनी कार्यालय पहुंचकर कार्यपालन अभियंता डीके चौहान को ज्ञापन सौंपा।

उपभोक्ताओं ने आरोप लगाया कि बिना सूचना घंटों बिजली बंद रखी जाती है। शिकायत करने पर संबंधित कार्यालयों में फोन तक नहीं उठाया जाता। रहवासियों का कहना है कि बार-बार बिजली गुल होने से दैनिक जीवन प्रभावित हो रहा है।

तैयार है सब-स्टेशन, फिर भी नहीं मिल रही राहत

स्थानीय नागरिकों ने बताया कि साडा कॉलोनी में नया सब-स्टेशन बनकर तैयार हो चुका है, लेकिन अब तक उसे शुरू नहीं किया गया है। इसके कारण क्षेत्र में वोल्टेज की समस्या बनी हुई है। कई ट्रांसफार्मरों की सुरक्षा व्यवस्था भी खराब है और उनके दरवाजे व ग्रिप तक गायब हैं।

कई इलाकों में एक जैसी स्थिति

मुड़ापार, शारदा विहार, निहारिका और अन्य कई इलाकों में भी लगातार बिजली बाधित होने की शिकायतें सामने आ रही हैं। वहीं, एसईसीएल शहीद भगत सिंह कॉलोनी में पिछले एक सप्ताह से लो और हाई वोल्टेज की समस्या बनी हुई है। इससे घरों में लगे विद्युत उपकरण खराब हो रहे हैं और लोगों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है।

कार्रवाई की मांग

स्थानीय नागरिकों का कहना है कि बिजली व्यवस्था सुधारने के लिए जनप्रतिनिधियों और विभागीय अधिकारियों को कई बार ज्ञापन सौंपे जा चुके हैं, लेकिन हालात में कोई ठोस सुधार नहीं हुआ है। करंट से मवेशी की मौत के बाद लोगों में विभाग के प्रति नाराजगी बढ़ गई है और जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग तेज हो गई है।

jagjaahir desk

पिछले 7 वर्षों से पत्रकारिता के क्षेत्र में अपनी सेवाएं दे रहा हूं। मुझे डिजिटल से लेकर इलेक्ट्रॉनिक मीडिया का अनुभव है।
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