नीमच के जाजूसागर बांध में पानी चोरी को लेकर प्रशासन सख्त, JCB से उखाड़े अवैध पाइप, दो ट्रॉली सामग्री जब्त


नीमच में पेयजल व्यवस्था के प्रमुख आधार जाजूसागर बांध (हरकियाखाल बांध) से अवैध रूप से पानी चोरी कर खेतों में सिंचाई का मामला सामने आया है। जिसके खिलाफ बुधवार को जिला प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया। कलेक्टर हिमांशु चंद्रा के सख्त निर्देशों के बाद एसडीएम पराग जैन द्वारा गठित विशेष संयुक्त दल ने बांध क्षेत्र में दबिश दी।
प्रशासन ने जमीन के भीतर दबाकर रखे गए पाइपों के बड़े नेटवर्क को ध्वस्त कर दिया। इस औचक कार्रवाई से अवैध रूप से पानी खींचने वालों में हड़कंप मच गया है। मुख्य नगर पालिका अधिकारी (CMO) दुर्गा बामनिया के मार्गदर्शन में नगर पालिका परिषद नीमच, राजस्व विभाग, पुलिस प्रशासन और विद्युत मंडल के अधिकारियों की संयुक्त टीम बुधवार को संसाधनों के साथ हरकियाखाल बांध क्षेत्र पहुंची।
25 से अधिक स्थानों पर हुई खुदाई, दो ट्रॉली सामग्री
जांच के दौरान पाया गया कि बांध की सीमा में कई स्थानों पर चोरी से जमीन के भीतर गहराई में पाइप दबाकर खेतों तक अवैध रूप से पानी पहुंचाया जा रहा था। संयुक्त अमले ने जेसीबी मशीन और अन्य संसाधनों की मदद से 25 से अधिक स्थानों पर खुदाई की और जमीन में गाड़े गए पाइपों को उखाड़ फेंका। मौके से करीब दो ट्रॉली अवैध पाइप जब्त कर नगर पालिका के सुपुर्द किए गए हैं।
चार विभागों के अमले ने संभाला मोर्चा
बांध के जल संसाधन के दुरुपयोग और अवैध निकासी पर पूरी तरह अंकुश लगाने के लिए इस अभियान में चार विभागों का अमला मुस्तैद रहा। कार्रवाई के दौरान जीरन तहसीलदार शत्रुघ्न चतुर्वेदी, नगर पालिका के राजस्व अधिकारी खेमचंद मुसले, टेकचंद बुनकर, डेम प्रभारी सुरेश पवार, जीरन पुलिस टीम और विद्युत मंडल के अधिकारी मौके पर मौजूद रहे।
इसके अलावा नगर पालिका की राजस्व शाखा से महावीर जैन, हेमंत सिसोदिया, महेंद्र साहू, सहायक डेम प्रभारी राजेंद्र तंवर तथा जलकल विभाग से नाथूलाल नागर, कचरूलाल राठौर, मो. सलीम सहित बड़ी संख्या में कर्मचारी इस अभियान में शामिल रहे। प्रशासन ने स्पष्ट संकेत दिए हैं कि पेयजल स्रोत से छेड़छाड़ और पानी चोरी करने वालों के खिलाफ आगे भी इसी तरह सख्त अभियान जारी रहेगा।
नीमच से कमलेश सारड़ा की रिपोर्ट











