अगले 48 घंटे उत्तर-पश्चिमी मध्य प्रदेश में भारी बारिश का अनुमान… नीमच, मंदसौर, रतलाम, झाबुआ, आलीराजपुर में अलर्ट

भोपाल। मध्य प्रदेश में मानसून पूरे जोर पर है। बंगाल की खाड़ी, उत्तरी-पश्चिमी मध्य प्रदेश और बांग्लादेश से सटे हिस्सों में बने कम दबाव के क्षेत्रों ने एक साथ तीन सिस्टम को सक्रिय कर दिया है। इसके साथ ही दक्षिण राजस्थान से मध्य प्रदेश (Weather of MP) के मध्य भाग से होते हुए बंगाल की खाड़ी तक मानसूनी ट्रफ लाइन बनी हुई है।
वहीं अरब सागर से मिल रही आद्रता (नमी) के चलते प्रदेश के कई जिलों में झमाझम बारिश के आसार हैं। मौसम विशेषज्ञ अजय शुक्ल के अनुसार, अगले 48 घंटे उत्तर-पश्चिमी प्रदेश में भारी वर्षा संभावित है। खासकर नीमच, मंदसौर, रतलाम, झाबुआ, आलीराजपुर और आसपास के जिलों में अच्छी वर्षा की संभावना जताई गई है।
पूर्वी मध्य प्रदेश के जबलपुर और शहडोल संभागों में भी कहीं-कहीं भारी वर्षा की संभावना है। बंगाल की खाड़ी से आ रही नमी इन क्षेत्रों में मौसम को और भी सक्रिय बना रही है।
भारी वर्षा को लेकर इन जिलों में अलर्ट
- मौसम विभाग ने आगर मालवा, मंदसौर, नीमच, गुना, शिवपुरी, ग्वालियर, मुरैना, सिंगरौली, रीवा, अशोकनगर समेत कई जिलों में भारी वर्षा की चेतावनी दी है। अगले दो दिनों में इन जिलों में तेज वर्षा की संभावना भी बनी हुई है।
- पूरे प्रदेश में अब तक 456.6 मिमी वर्षा हो चुकी है, जबकि सामान्य औसत वर्षा 260 मिमी मानी जाती है। इस तरह प्रदेश में अब तक 76 प्रतिशत अधिक वर्षा दर्ज की गई है।
- वहीं रविवार सुबह 08.30 बजे से सोमवार सुबह 08.30 बजे तक बीते 24 घंटों में औसतन 15.1 मिमी वर्षा पूरे प्रदेश में दर्ज की गई है।
दो दिनों तक रुक-रुक कर होगी वर्षा, डैमों का बढ़ रहा जलस्तर
राजधानी भोपाल में मानसून की सक्रियता बनी हुई है। सोमवार को दिनभर बादल छाए रहे और कहीं-कहीं रुक-रुक कर वर्षा होती रही। मौसम वैज्ञानिक दिव्या सुरेंद्रन के अनुसार मंगलवार को भी शहर में कहीं-कहीं रुक-रुक कर वर्षा होती रहेगी। वहीं बुधवार, गुरुवार और शुक्रवार को भी शहर में हल्की बारिश हो सकती है। नमी का स्तर बढ़ने से वातावरण में उमस बनी हुई है।








