बालाघाट के कुएं में डूबने से दंपति की मौत, पत्नी को बचाने के लिए पति ने लगाई थी छलांग

मध्य प्रदेश के बालाघाट जिले के एक गांव में कुएं में डूबने की वजह से पति और पत्नी दोनों की दर्दनाक मौत हो गई। इस भयानक हादसे के बाद से ही पूरे परिवार में मातम छाया हुआ है और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।

दरअसल यह पूरा मामला जिले की परसवाड़ा जनपद पंचायत के अंतर्गत आने वाले ग्राम सीताडोंगरी का है। यहां वार्ड नंबर 5 में रहने वाले एक दंपत्ति के साथ यह हादसा हुआ। बताया जा रहा है कि पानी भरने के दौरान हुए एक हादसे ने हंसते-खेलते परिवार की खुशियां पल भर में छीन लीं जिससे पूरा गांव सदमे में है।

पानी लेने गई थी पत्नी

स्थानीय लोगों से मिली जानकारी के मुताबिक 48 साल की कांति बाई उइके अपने घर के पीछे बने कुएं पर पानी लेने के लिए गई हुई थीं। पानी निकालते वक्त अचानक उनका पैर फिसल गया और वे सीधे गहरे कुएं में जा गिरीं। पत्नी को कुएं में गिरता देख और बचाओ-बचाओ की आवाज सुनकर पास ही खड़े उनके पति अंजोर सिंह उइके घबरा गए।

अपनी पत्नी की जान बचाने के लिए 52 साल के अंजोर सिंह ने बिना अपनी जान की परवाह किए तुरंत कुएं में छलांग लगा दी। लेकिन दुर्भाग्य से कुएं में पानी ज्यादा होने की वजह से वे अपनी पत्नी को बाहर नहीं निकाल सके। देखते ही देखते दोनों ही पानी के गहरे बहाव में समा गए और डूबने की वजह से दोनों की मौके पर ही मौत हो गई।

खेती-मजदूरी करके पालते थे 5 बच्चों का पेट

इस घटना के बाद से ही पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई है। मृत दंपत्ति बेहद गरीब परिवार से थे और खेती-मजदूरी करके अपने परिवार का पेट पालते थे। उनके परिवार में पांच बच्चे हैं, जिनमें दो बेटियां और तीन बेटे शामिल हैं। इनमें से दो बेटियों और एक बेटे की शादी हो चुकी है जबकि बाकी बच्चे अभी छोटे हैं।

अचानक माता-पिता दोनों का साया सिर से उठ जाने की वजह से बच्चों पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। घटना की सूचना मिलने के बाद मौके पर पहुंची पुलिस ने शवों को बाहर निकाला और मामले की जांच शुरू कर दी है। दरसल, पुलिस ने मर्ग कायम कर आगे की कानूनी कार्रवाई और कागजी कार्रवाई शुरू कर दी है।

 

 

 

jagjaahir desk

पिछले 7 वर्षों से पत्रकारिता के क्षेत्र में अपनी सेवाएं दे रहा हूं। मुझे डिजिटल से लेकर इलेक्ट्रॉनिक मीडिया का अनुभव है।
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