29 जुलाई को गुरु पूर्णिमा, कुंडली में गुरु मजबूत करने के लिए करें ये उपाय

हर साल आषाढ़ की पूर्णिमा के दिन गुरु पूर्णिमा मनाई जाती है. इस साल गुरु पूर्णिमा 29 जुलाई को मनाई जाएगी. ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, यह दिन ज्ञान, बुद्धि, शिक्षा, सद्गुण और उच्च प्रतिष्ठा के देवता बृहस्पति ग्रह से सीधे जुड़ा हुआ है. द्रिक पंचांग के मुताबिक, गुरु पूर्णिमा की शुरुआत 28 जुलाई शाम 06 बजकर 18 मिनट पर हो रही है और इसका समापन 29 जुलाई शाम 08 बजकर 05 मिनट पर हो रहा है, ऐसे में उदिया तिथि में ही पूर्णिमा मनाई जाएगी.
यदि आपकी जन्म कुंडली में बृहस्पति या गुरु कमजोर है और आपको जीवन में लगातार बाधाओं का सामना करना पड़ रहा है, तो ऐसा माना जाता है कि गुरु पूर्णिमा के दिन किए जाने वाले कुछ पारंपरिक उपाय बहुत फलदायी होते हैं. विशेष रूप से वे लोग जिन्हें नौकरी में पदोन्नति नहीं मिल रही है, काम में परेशानी हो रही है और गैर जरूरी आर्थिक नुकसान हो रहा है, उनके लिए इस दिन कुछ महत्वपूर्ण नियमों का पालन करना सर्वोत्तम है.
ज्योतिष में गुरु का महत्व
ज्योतिष में सर्वप्रथम, भगवान बृहस्पति और श्रीमन नारायण की एक साथ पूजा करना विशेष महत्व रखता है. गुरु पूर्णिमा के शुभ दिन, सृष्टि के रक्षक भगवान विष्णु को पीले फूल अर्पित करने चाहिए और शुद्ध गाय के घी का दीपक जलाना चाहिए. ऐसा करने से करियर में आने वाली बाधाएं दूर होती हैं और पदोन्नति की संभावना बढ़ जाती है.
गुरु पूर्णिमा पर इस मंत्र का करें जाप
कुंडली में गुरु कमजोर होने पर मंत्रों का जाप करना चाहिए. मंत्र मन को एकाग्र करने और जीवन में शुभ परिणाम प्राप्त करने में अत्यंत प्रभावी होता है. गुरु पूर्णिमा के दिन, इच्छित देवता का ध्यान करने और गुरु मंत्र “ॐ बृहस्पतये नमः” का जाप करें. इस मंत्र का जाप कुंडली में गुरु दोष को दूर करता है और जीवन में नए सौभाग्य और समृद्धि के द्वार खोलता है.
करियर में सफल होने के लिए क्या करें?
श्री सत्यनारायण स्वामी की व्रत कथा का पाठ करने से घर में दिव्य आशीर्वाद प्राप्त होता है. गुरु पूर्णिमा के दिन घर पर श्री सत्यनारायण पूजा और कथा श्रवण का आयोजन करने या स्वयं कथा का पाठ करने से जीवन की बड़ी से बड़ी चुनौतियों का हल आसानी से हो जाता है. इससे आर्थिक स्थिरता के साथ-साथ व्यावसायिक क्षेत्र और करियर में अभूतपूर्व सफलता भी प्राप्त होती है.
चंद्र देवता को अर्घ्य अर्पित करें
गुरु पूर्णिमा की रात को चंद्रमा पूर्ण रूप से चमकता है. इस शुभ रात्रि में चंद्रमा को अर्घ्य अर्पित करने से विशेष लाभ प्राप्त होते हैं. पानी में कच्चे दूध की कुछ बूंदें मिलाकर चंद्रमा को अर्पित करने से मानसिक तनाव दूर होता है और मन को शांति मिलती है. साथ ही, देवी लक्ष्मी की कृपा से आर्थिक संकट दूर होते हैं और धन प्राप्ति होती है. ऐसे सरल और पवित्र उपायों का पालन करके गुरु पूर्णिमा पर दिव्य आशीर्वाद प्राप्त किया जा सकता है.











