उत्तर छत्तीसगढ़ में फिर तेज होगी बारिश, अगले 2 दिन भारी से अति भारी बारिश का अलर्ट; कुसमी में 180 मिमी पानी गिरा

छत्तीसगढ़ में मानसून एक बार फिर सक्रिय है। उत्तर छत्तीसगढ़ के कई इलाकों में अगले दो दिनों तक भारी से अति भारी बारिश होने की संभावना है। मौसम विभाग के अनुसार, झारखंड और उससे लगे पश्चिम बंगाल के ऊपर बना डिप्रेशन सक्रिय है, जिसके प्रभाव से प्रदेश के उत्तरी हिस्सों में बारिश का दौर जारी रहेगा। इसके बाद बारिश की गतिविधियों में कमी आने के आसार हैं।
पिछले 24 घंटे में सरगुजा संभाग के कई क्षेत्रों में भारी से अति भारी बारिश दर्ज की गई। कुसमी में सबसे ज्यादा 180 मिमी बारिश हुई। वहीं दौरा कोचली, बिहारपुर और प्रतापपुर में 130-130 मिमी बारिश रिकॉर्ड की गई।
रायपुर में बादल छाए रहने और बारिश के आसार
राजधानी रायपुर में 15 अगस्त को दिनभर बादल छाए रहने की संभावना है। कुछ स्थानों पर बारिश या गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ सकती हैं। शहर में अधिकतम तापमान 27 डिग्री और न्यूनतम तापमान करीब 25 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है।
प्रदेश में पिछले 24 घंटे के दौरान कई इलाकों में हल्की से मध्यम बारिश हुई। दुर्ग में सबसे अधिक 32.2 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया, जबकि पेंड्रा रोड 22 डिग्री सेल्सियस के न्यूनतम तापमान के साथ सबसे ठंडा रहा।
मौसम विभाग ने अगले दो दिनों के दौरान उत्तर छत्तीसगढ़ में भारी से अति भारी बारिश के साथ कुछ स्थानों पर गरज-चमक और बिजली गिरने की संभावना जताई है।
नारायणपुर में सबसे ज्यादा बारिश, सरगुजा में सबसे बड़ी कमी
छत्तीसगढ़ में 1 जून से 13 अगस्त तक कुल 668.8 मिमी बारिश दर्ज हुई है। इस अवधि में सामान्य बारिश 734.4 मिमी होनी चाहिए थी। इस लिहाज से प्रदेश में अब तक 65.6 मिमी यानी 9 प्रतिशत कम बारिश हुई है। हालांकि कुल बारिश सामान्य श्रेणी में बनी हुई है।
जिलेवार आंकड़ों में नारायणपुर में सबसे ज्यादा 1043.9 मिमी बारिश हुई है, जो सामान्य से 34 प्रतिशत अधिक है। इसके बाद सारंगढ़-बिलाईगढ़ में 948.2 मिमी, बीजापुर में 870.6 मिमी, जांजगीर में 857.3 मिमी और महासमुंद में 835.6 मिमी बारिश दर्ज की गई।
सारंगढ़-बिलाईगढ़ में सामान्य से सबसे ज्यादा 59 प्रतिशत अधिक बारिश हुई है। इसके बाद नारायणपुर में 34 प्रतिशत, मुंगेली में 32 प्रतिशत, बलौदाबाजार में 28 प्रतिशत, महासमुंद में 26 प्रतिशत और जांजगीर में 24 प्रतिशत अधिक बारिश हुई।
वहीं सरगुजा में सामान्य से सबसे ज्यादा 51 प्रतिशत कम बारिश हुई है। जशपुर में 45 प्रतिशत, बेमेतरा में 40 प्रतिशत, कांकेर में 35 प्रतिशत, सूरजपुर में 22 प्रतिशत और बस्तर तथा कबीरधाम में 21-21 प्रतिशत बारिश की कमी दर्ज की गई है।
राजधानी रायपुर में 13 अगस्त तक 727.8 मिमी बारिश हुई है, जबकि सामान्य बारिश 641.9 मिमी है। यानी यहां सामान्य से 13 प्रतिशत अधिक बारिश हुई है। प्रदेश के 33 जिलों में 20 जिले सामान्य बारिश की स्थिति में हैं, जबकि 6 जिलों में सामान्य से ज्यादा और 7 जिलों में सामान्य से कम बारिश हुई है।











