भारत के लिए राहत: ईरान ने भारतीय तेल टैंकरों को होर्मुज जलडमरूमध्य से गुजरने की अनुमति दी

इंटरनेशनल न्यूज़ । पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव और वैश्विक तेल-गैस संकट के बीच भारत के लिए एक राहत भरी खबर सामने आई है। रिपोर्ट्स के मुताबिक ईरान ने भारतीय तेल टैंकरों को होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) से सुरक्षित गुजरने की अनुमति देने का भरोसा दिया है।

सूत्रों के अनुसार भारत के विदेश मंत्री एस. जयशंकर और ईरान के विदेश मंत्री अराघची के बीच हुई बातचीत के बाद यह फैसला सामने आया है। दोनों नेताओं के बीच हुई चर्चा का मुख्य उद्देश्य तेल और गैस की आपूर्ति तथा कीमतों को स्थिर बनाए रखना बताया जा रहा है।

थाई जहाज पर हुआ हमला

बुधवार को होर्मुज जलडमरूमध्य में थाईलैंड के झंडे वाला एक मालवाहक जहाज ‘मयूरी नारी’ अज्ञात प्रोजेक्टाइल के हमले का शिकार हो गया। हमले के बाद जहाज में भीषण आग लग गई।

रिपोर्ट्स के अनुसार ओमान की नौसेना ने तुरंत बचाव अभियान शुरू किया और जहाज के 23 में से 20 चालक दल के सदस्यों को सुरक्षित बचा लिया। वहीं 3 नाविक अभी भी लापता बताए जा रहे हैं और उनकी तलाश जारी है।

यह जहाज संयुक्त अरब अमीरात के खलीफा बंदरगाह से निकलकर भारत के गुजरात स्थित कांडला बंदरगाह की ओर जा रहा था। हमले के बाद जहाज से काला धुआं उठता देखा गया और चालक दल को लाइफ राफ्ट के सहारे जहाज छोड़ना पड़ा।

क्या है होर्मुज जलडमरूमध्य?

होर्मुज जलडमरूमध्य दुनिया के सबसे संवेदनशील समुद्री मार्गों में से एक है। यह फारस की खाड़ी और ओमान की खाड़ी को जोड़ता है।

सऊदी अरब, इराक, कुवैत, बहरीन, कतर और संयुक्त अरब अमीरात जैसे बड़े तेल उत्पादक देश अपना अधिकांश तेल इसी रास्ते से निर्यात करते हैं। अनुमान है कि दुनिया के कुल तेल निर्यात का लगभग 20 प्रतिशत हिस्सा इसी मार्ग से गुजरता है।

करीब 30 किलोमीटर चौड़ा यह समुद्री रास्ता वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति के लिए बेहद महत्वपूर्ण माना जाता है। पश्चिम एशिया में हालिया तनाव के कारण कुछ समय के लिए यहां जहाजों की आवाजाही को लेकर चिंता बढ़ गई थी, जिससे कई एशियाई देशों में तेल और गैस की आपूर्ति प्रभावित होने की आशंका जताई जा रही थी।

jagjaahir desk

पिछले 7 वर्षों से पत्रकारिता के क्षेत्र में अपनी सेवाएं दे रहा हूं। मुझे डिजिटल से लेकर इलेक्ट्रॉनिक मीडिया का अनुभव है।
close
Virus-free.www.avast.com