धमतरी: जिले के इस निजी अस्पताल में गिरी कार्रवाई की गाज, अगले 3 महीने तक नहीं होगा अब आयुष्मान कार्ड से इलाज

धमतरी: छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले में एक निजी अस्पताल पर कार्रवाई की गाज गिरी है. संचालनालय स्वास्थ्य सेवाएं छत्तीसगढ़ राज्य नोडल एजेंसी ने 3 माह के लिए इस अस्पताल को आयुष्मान भारत योजना से निलंबित कर दिया है. इस अस्पताल में अब तीन माह तक आयुष्मान भारत योजना से इलाज नहीं हो पाएगा.
क्या है मामला ?
नंदा अस्पताल ने आयुष्मान कार्ड से 20 हजार रुपए काट लिए और मरीज के परिजन से 32 हजार 500 रुपए लिए थे. शिकायतकर्ता जागेश्वर पटेल ने अपनी पत्नी को उपचार के लिए नंदा हॉस्पिटल में भर्ती करवाया था. संजय पटेल ने नंदा हॉस्पिटल के विरुद्ध आयुष्मान योजना अंतर्गत अतिरिक्त नकद राशि लिए जाने की शिकायत की थी. शिकायत के बाद जांच रिपोर्ट सही पाई गई है. अस्पताल प्रबंधन ने योजना से संबंधित इलाज के बावजूद परिजन से नकद रुपए भी लिए थे. सीएमएचओ ने जांच के बाद शिकायत सही पाया है.
12 हजार बताकर आयुष्मान कार्ड से काटे 20 हजार
शिकायत के अनुसार मरीज भामबाई पटेल दिनांक 8 जुलाई 2025 को बच्चेदानी से संबंधित उपचार के लिए नंदा हॉस्पिटल में भर्ती हुई थी. जिसमें इलाज के लिए 42 हजार का खर्च बताया गया. अस्पताल प्रबंधन ने मरीज के परिजन को बताया कि 10 से 12 हजार रुपए आयुष्मान कार्ड से कटेंगे.बाकी पैसे नकद में देना होगा. शिकायतकर्ता के मुताबिक आयुष्मान से 20 हजार रुपए काटे गए. इस कारण अतिरिक्त काटे गए 8 हजार वापस दिलाने और अस्पताल पर कार्रवाई करने की मांग जिला प्रशासन से की गई थी.
पीड़ित मरीज को रकम वापस करने के दिये निर्देश
इस प्रकरण पर CMHO धमतरी ने जांच की.जिसके प्रतिवेदन में ये बात सामने आई कि अस्पताल प्रबंधन ने मरीज के परिजन से आयुष्मान कार्ड के अलावा नकद राशि ली है. जिसमें परिजन से बायोप्सी के लिए 3500, अन्य बीमारी हेतु 4000 एवं सर्जरी हेतु 25000 कुल 32500 रुपये लिए गये। जिसके विरुद्ध कार्रवाई करते हुए मरीज के परिजन को 32 हजार 500 की रकम वापस देने के आदेश दिए हैं. साथ ही साथ नंदा हॉस्पिटल को आयुष्मान योजना से 3 माह के लिए निलंबित कर दिया गया है. तीन माह तक आयुष्मान भारत योजना से यहां इलाज नहीं होगा। साथ ही योजना संबंधी प्रचार प्रसार सामग्री अस्पताल एवं अस्पताल परिसर से हटाने के भी निर्देश दिए गए हैं.










