पीएम के वीडियो के बाद अपशब्द कहने वाली लड़की ने भी जारी किया वीडियो-मैं सिर्फ 15 साल की हूं, माफ कर दो

दिल्ली में सीजेपी प्रोटेस्ट के दौरान पीएम मोदी के खिलाफ अपशब्द कहने वाली लड़की ने सोशल मीडिया पर वीडियो जारी कर माफी मांगी है. सामने आए वीडियो में लड़की अपने कहे गए शब्दों के लिए माफी मांगती दिख रही है. बता दें कि उसके खिलाफ दिल्ली पुलिस ने मामला दर्ज किया था. लड़की का माफी माला वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है.
‘मैं बहकावे में आ गई थी, माफ कर दें’
लड़की वीडियो में कह रही है, ” मैं विरोध प्रदर्शन के दौरान कुछ लोगों के बहकावे में आ गई थी और प्रधानमंत्री के ख़िलाफ़ बहुत सी बुरी बातें कह दीं.” बता दें कि पुलिस की तरफ से दर्ज FIR में उसकी उम्र 25 साल बताई गई थी. लेकिन अपने माफी वीडियो में लड़की ने दावा किया है कि उसकी उम्र सिर्फ 15 साल है.
‘मैं सिर्फ 15 साल की हूं,मुझे शर्म आ रही है’
माफी मांगते हुए उसने कहा, “मैं सिर्फ 15 साल की हूं, मैंने जो कुछ भी किया वह माफी के योग्य नहीं है. मैंने बहुत सी बुरी बातें कही हैं.” उसने इसे अपनी पहली और आखिरी गलती बताते हुए कहा कि वह अपशब्दों के लिए पूरे देश से माफी मांग रही है. लड़की ने कहा, मुझे बहुत शर्म आ रही है, मैं खुद को देख भी नहीं सकती. प्लीज मुझे माफ कर दीजिए.” हालांकि सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे इस वीडियो की प्रामाणिकता की एनडीटीवी स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं करता है. ये सिर्फ एक वायरल वीडियो है, जिसके बारे में हम बता रहे हैं.
पीएम मोदी के खिलाफ अपमानजनक टिप्पणी करने के मामले में बुधवार को नोएडा पुलिस स्टेशन में लड़की के खिलाफ शिकायत दर्ज की गई थी. नोएडा पुलिस ने जीरो FIR दर्ज की, जिसे बाद इसे नई दिल्ली के पार्लियामेंट स्ट्रीट पुलिस स्टेशन में ट्रांसफर कर दिया गया. शिकायतकर्ता ने कहा कि लड़की के अपशब्दों से पीएम कार्यालय की गरिमा का अपमान हुआ, इससे अशांति फैल सकती है और सार्वजनिक शांति भंग हो सकती है.
लड़की का वीडियो पीएम मोदी के उस इंस्टाग्राम वीडियो के कुछ ही घंटों बाद सामने आया, जिसमें उन्होंने छात्रों के विरोध-प्रदर्शन के दौरान अपने खिलाफ अपशब्द कहे जाने के बाद संयम और माफी की अपील की थी. पीएम मोदी ने शुक्रवार रात पोस्ट किए वीडियो में कहा कि गाली-गलौज से किसी परेशानी का समाधान नहीं होता है. उन्होंने समाज से अपील की कि जो लोग भटक गए हैं, उन्हें सजा देने के बजाय सही रास्ता दिखाया जाए.
पीएम मोदी ने कहा, जंतर-मंतर पर जो हुआ, उसे देश और दुनिया ने देखा. कुछ गुमराह युवाओं ने ऐसी भाषा का इस्तेमाल किया, जिसकी किसी भी सभ्य समाज में कोई जगह नहीं है. मुझे अपशब्द कहे गए, और मेरी दिवंगत मां को भी अपशब्द कहे गए.”
गुस्से या बदले की भावना से समाधान नहीं होगा
पीएम मोदी ने अपने खिलाफ अपशब्द कहने वालों को “गुमराह” बताया और कहा कि उनको नहीं लगता कि इसका समाधान गुस्से या बदले की भावना में है. पीएम ने कहा,बचपन में गलतियां होती हैं, और बचपन ही उन गलतियों को सुधारने का मौका भी मिलता है, युवा होने का यही मतलब है.” पीएम ने कहा कि समाज में गुस्सा है, और वह इसे समझते हैं. लेकिन अब समय आ गया है कि इन बच्चों को अपनाएं और उन्हें सही रास्ता दिखाएं. ये बच्चे गुमराह हैं. उन्हें सही रास्ता दिखाना हमारा फर्ज है. उनको सजा देने और अदालतों के चक्कर लगवाने और परेशान करने से हालात नहीं बदलेंगे.
पीएम मोदी ने कहा कि अपशब्द कहने वाले लोगों को वह माफ करना चाहते हैं और समाज से भी उन्होंने ऐसा ही करने की अपील की. उन्होंने समाज से कहा कि गाली-गलौज से किसी समस्या का समाधान नहीं होता, आइए, जो लोग भटक गए हैं, उन्हें सही रास्ता दिखाएं और देश के लिए मिलकर काम करें.











