औरंगाबाद में रिश्वतखोरी पर बड़ी कार्रवाई: 10 हजार की घूस लेने वाले लिपिक को डीएम ने किया निलंबित

औरंगाबाद: 10 हज़ार रूपये का रिश्वत मांगने वाले हसपुरा प्रखंड कार्यालय में पदस्थापित निम्नवर्गीय लिपिक श्लोक कुमार को जिलाधिकारी अभिलाषा शर्मा ने जांचोपरांत निलंबित कर दिया गया है. विदित हो कि लिपिक पर जमीन के दाखिल-खारिज के एवज में ग्रामीण से रिश्वत मांगने का आरोप था.
निगरानी अन्वेषण ब्यूरो की टीम ने योजनाबद्ध तरीके से जाल बिछाकर अंचल कार्यालय से ही 10 हजार रुपये रिश्वत की राशि के साथ गिरफ्तारी की गई. इस दौरान लिपिक ने पहले 3500 रूपये लिए और बाद में 15 हजार रूपये की मांग करने लगा. तंग आकर पीड़ित ने पटना स्थित निगरानी विभाग में लिखित शिकायत की.
शिकायत के सत्यापन के बाद निगरानी टीम ने 14 फरवरी को अंचल कार्यालय में जांच की और आरोप सही पाए जाने पर सोमवार को ट्रैप कार्रवाई की. जिलाधिकारी ने स्पष्ट कहा कि सरकारी कार्यों में पारदर्शिता, ईमानदारी और जवाबदेही जरूरी है. किसी भी प्रकार की अनियमितता बर्दाश्त नहीं की जाएगी.
उन्होंने बताया कि जिले में जीरो टॉलरेंस की नीति पर कार्य किया जा रहा है. इस तरह से कोई यदि रिश्वत मांगता है, तो उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी. कहीं से भी किसी व्यक्ति को ह्रास की सूचना प्राप्त होगी, तो उसे गंभीरता से लिया जाएगा.











