NH पर बस रोककर हंगामा, रेंजर के व्यवहार पर उठे सवाल; पुलिस जांच शुरू, विभाग ने जारी किया नोटिस

छत्तीसगढ़ के गरियाबंद जिले में नेशनल हाईवे-130सी पर एक वन विभाग के रेंजर द्वारा यात्री बस रोककर चालक से कथित गाली-गलौज और पुलिस से बहस करने का मामला सामने आया है। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद वन विभाग ने संबंधित रेंजर को कारण बताओ नोटिस जारी कर जवाब मांगा है। पुलिस भी मामले की जांच में जुट गई है।
जानकारी के अनुसार, घटना देवभोग क्षेत्र के इंदागांव परिक्षेत्र की है। शनिवार रात रेंजर सुशील सागर अपनी कार से जा रहे थे। इसी दौरान रायपुर से देवभोग जा रही एक यात्री बस को उन्होंने बीच सड़क पर कार लगाकर रोक दिया। आरोप है कि बस चालक द्वारा समय पर साइड नहीं देने से नाराज रेंजर ने चालक के साथ अभद्र व्यवहार किया और करीब आधे घंटे तक बस को सड़क पर खड़ा रखा, जिससे यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति संभालने का प्रयास किया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, पुलिस द्वारा समझाने के बावजूद रेंजर ने बहस जारी रखी। जब पुलिस उन्हें थाने ले जाना चाहती थी तो उन्होंने सरकारी वाहन में बैठने से इनकार करते हुए अपनी ही कार से जाने की बात कही।
बस चालक यशवंत बंजारे ने इंदागांव थाने में लिखित शिकायत दर्ज कराई है। चालक का कहना है कि अभ्यारण्य क्षेत्र में हाईवे सिंगल लेन का है और बारिश के कारण सड़क की पटरी भी खराब है। ऐसे में सुरक्षित स्थान मिलने पर ही वाहन को साइड देना संभव था। उन्होंने यात्रियों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए जल्दबाजी में वाहन नहीं हटाया और बाद में डायल-112 पर सूचना भी दी।
घटना के बाद उदंती-सीतानदी अभ्यारण्य के डिप्टी डायरेक्टर वरुण जैन ने रेंजर को नोटिस जारी करते हुए स्पष्टीकरण मांगा है। विभाग का कहना है कि जवाब मिलने के बाद नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।
इधर, विवाद के अगले दिन तौरेंगा नाका पर वन विभाग द्वारा मां शारदा बस सहित कई निजी वाहनों को रोकने की भी सूचना मिली है, जिससे यात्रियों को असुविधा हुई। बताया गया कि अभ्यारण्य क्षेत्र में वाहनों की आवाजाही को लेकर न्यायालय के निर्देश लागू हैं। फिलहाल पुलिस और वन विभाग पूरे मामले की अलग-अलग स्तर पर जांच कर रहे हैं।











