IED ब्लास्ट में 2 जवान जख्मी, बीजापुर में डीआरजी और कोबरा बटालियन सर्चिंग पर निकली थी

बीजापुर: थाना फरेसगढ़ में नक्सलियों द्वारा लगाए गए इम्प्रोवाइज्ड एक्सप्लोसिव डिवाइस (IED) में धमाका होने से CRPF की कोबरा यूनिट के 2 कमांडो घायल हो गए. एक अधिकारी ने बताया कि यह घटना रविवार दोपहर को हुई, जब सुरक्षाकर्मियों की एक जॉइंट टीम फरसेगढ़ पुलिस स्टेशन इलाके में नक्सल विरोधी ऑपरेशन पर निकली थी.
IED ब्लास्ट में 2 जवान जख्मी
एंटी नक्सल ऑपरेशन से जुड़े अधिकारी ने बताया कि इस ऑपरेशन में स्पेशल टास्क फोर्स और डिस्ट्रिक्ट रिजर्व गार्ड (DRG), जो दोनों राज्य पुलिस की यूनिट हैं, और कोबरा (कमांडो बटालियन फॉर रिजॉल्यूट एक्शन – CRPF की एक एलीट यूनिट) के जवान शामिल थे, और यह ऑपरेशन अभी भी जारी है.
एंटी नक्सल ऑपरेशन पर निकले थे जवान
नक्सल ऑपरेशन से जुड़े अधिकारी ने बताया कि जब पेट्रोलिंग टीम फरसेगढ़-पिल्लूर कंदलापर्ती के जंगल की घेराबंदी कर रही थी, तभी नक्सलियों द्वारा लगाया गया एक IED फट गया, जिससे कोबरा बटालियन के 2 जवान मामूली रूप से जख्मी हो गए. अधिकारी ने बताया कि जख्मी जवानों को रायपुर के एक अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनकी हालत स्थिर और खतरे से बाहर है.
जख्मी जवानों की हालत स्थिर और खतरे से बाहर
माओवादी अक्सर बस्तर क्षेत्र के अंदरूनी इलाकों में सड़कों, कच्चे रास्तों और जंगलों में IED लगाते हैं, जिसमें बीजापुर सहित सात जिले शामिल हैं, ताकि पेट्रोलिंग के दौरान सुरक्षाकर्मियों को निशाना बनाया जा सके। पहले भी इस क्षेत्र में नक्सलियों द्वारा बिछाए गए ऐसे जालों का शिकार आम नागरिक हो चुके हैं.
नक्सलियों की तलाश में सर्च ऑपरेशन तेज
बम धमाके के बाद इलाके में माओवादियों की तलाश में सघन सर्चिंग अभियान चलाया गया है. बीडीएस की टीम जंगल में बमों की भी तलाश कर रही है. फोर्स की कोशिश है कि अगर कहीं और भी बम प्लांट किया गया है तो उसे समय से खोज निकाला जाए. जख्मी जवानों को लेकर अधिकारी ने बताया है कि वो जल्द ही स्वस्थ होकर काम पर लौट सकते हैं.
बीजापुर पुलिस की अपील
12 दिसंबर को भी एक ग्रामीण महिला बम की चपेट में आ गई थी. जिसके बाद बीजापुर पुलिस ने अपील जारी की थी. पुलिस की ओर से कहा गया था कि किसी भी ग्रामीण को जंगल में कोई संदिग्ध वस्तु दिखे तो तुरंत पुलिस को सूचना दें.









