मऊगंज: नौढ़िया में प्रति बोरी ‘रिश्वत टैक्स’, छुट्टी के दिन तौल; वायरल वीडियो ने खोली व्यवस्था की परतें

मऊगंज: जिले की धान खरीदी व्यवस्था एक बार फिर सवालों के घेरे में है. नौढ़िया धान खरीदी केंद्र से जुड़ा एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद सरकारी दावों की सच्चाई उजागर हो गई है. वीडियो में किसानों से खुलेआम अवैध वसूली किए जाने के गंभीर आरोप सामने आए हैं, जिसने न केवल प्रशासनिक व्यवस्था पर बल्कि पूरी खरीदी प्रणाली की पारदर्शिता पर भी बड़ा प्रश्नचिह्न लगा दिया है.
किसानों के अनुसार, नौढ़िया केंद्र पर धान की तौल कराने के लिए प्रति बोरी 6 रुपये की अवैध मांग की जा रही है. इतना ही नहीं, कंप्यूटर में धान की एंट्री के नाम पर किसानों से 500 रुपये तक वसूले जा रहे हैं. बिना भुगतान किए न तो तौल संभव है और न ही धान की ऑनलाइन एंट्री. मजबूरी में किसान यह रकम देने को विवश हैं, क्योंकि धान बिक्री ही उनकी आजीविका का मुख्य साधन है.
सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि यह पूरी प्रक्रिया सरकारी अवकाश के दिन, रविवार को कराई गई. नियमों के अनुसार छुट्टी के दिन खरीदी और तौल की अनुमति नहीं होती, बावजूद इसके केंद्र पर धान तौला गया और कथित वसूली भी की गई. वायरल वीडियो में किसानों की मजबूरी और सिस्टम की मनमानी साफ तौर पर देखी जा सकती है.
धान खरीदी को लेकर मऊगंज जिले में पहले भी अव्यवस्थाओं और अनियमितताओं के आरोप लगते रहे हैं, लेकिन इस बार सामने आए सबूतों ने मामला और गंभीर बना दिया है. इसके बावजूद, वीडियो सामने आने के बाद भी संबंधित अधिकारी मौन साधे हुए हैं. न तो किसी जांच के आदेश जारी हुए हैं और न ही केंद्र पर कार्यरत कर्मचारियों या ठेकेदारों पर कोई कार्रवाई की गई है.









