10 मार्च को उठनी थी डोली, पर आज उठेगी अर्थी! मंगेतर के एक फोन कॉल ने उजाड़ दीं खुशियां; इटावा में शादी से पहले खौफनाक अंत

इटावा : कोतवाली थाना क्षेत्र के पुरबिया टोला मोहल्ला में शादी से पहले युवती द्वारा फांसी लगाकर आत्महत्या किए जाने का मामला लगातार गंभीर होता जा रहा है.युवती की शादी आगामी 10 मार्च को तय थी, लेकिन उससे पहले होने वाले पति से मोबाइल फोन पर हुए विवाद के बाद उसने यह कदम उठा लिया.इस हृदयविदारक घटना के बाद आज पुलिस पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी कराएगी, जबकि आने वाले कल में परिजनों के प्रार्थना पत्र और मोबाइल जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई संभव है.
परिजनों के अनुसार, शादी की तैयारियां पूरी जोर-शोर से चल रही थीं.घर में खुशी का माहौल था, लेकिन अचानक मोबाइल फोन पर हुई एक बातचीत ने सब कुछ बदल दिया.बताया जा रहा है कि होने वाले पति से किसी बात को लेकर कहासुनी हो गई थी, जिसके बाद युवती मानसिक रूप से बेहद परेशान हो गई। इसी तनाव और आक्रोश में उसने फांसी लगाकर अपनी जान दे दी.
घटना की सूचना मिलते ही कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेजा.आज पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने की संभावना है, जिससे मौत के कारणों की आधिकारिक पुष्टि हो सकेगी.पुलिस अधिकारियों का कहना है कि रिपोर्ट के बाद ही स्थिति पूरी तरह स्पष्ट होगी.
पीड़ित पिता श्याम सिंह ने बताया कि उनकी बेटी ने कोई सुसाइड नोट नहीं छोड़ा है, लेकिन मोबाइल फोन में हुई बातचीत ही इस मामले की अहम कड़ी हो सकती है.उन्होंने पुलिस से मोबाइल कॉल डिटेल और चैट की गहन जांच की मांग की है। पुलिस का कहना है कि तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर मोबाइल फोन की जांच की जाएगी और जरूरत पड़ने पर संबंधित युवक से भी पूछताछ की जा सकती है.
परिजनों ने यह भी बताया कि घटना के बाद जब उन्होंने दूल्हे पक्ष से संपर्क करने का प्रयास किया, तो किसी ने भी फोन रिसीव नहीं किया.इस बात ने परिवार की पीड़ा और बढ़ा दी है.आने वाले कल में परिजन थाने में लिखित प्रार्थना पत्र देने की तैयारी कर रहे हैं, जिसके आधार पर पुलिस कानूनी प्रक्रिया आगे बढ़ा सकती है.
फिलहाल मोहल्ले में शोक का माहौल है. आज अंतिम संस्कार की तैयारी की जा रही है, जबकि कल इस मामले में पुलिस जांच की दिशा तय होने की संभावना है। पुलिस का कहना है कि हर पहलू को ध्यान में रखकर निष्पक्ष जांच की जाएगी, ताकि सच्चाई सामने आ सके और जरूरत पड़ने पर जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जा सके.










