‘500 करोड़ खर्च कर शिंदे ने दिया 6 गद्दारों को जन्म, असली बाप कौन? संजय राउत का सबसे बड़ा हमला

महाराष्ट्र में ‘ऑपरेशन टाइगर’ के तहत शिवसेना (उद्धव बालासाहेब ठाकरे) के 6 लोकसभा सांसदों के एकनाथ शिंदे गुट में शामिल होने के बाद सूबे की सियासी जंग बेहद आक्रामक और व्यक्तिगत स्तर पर पहुंच गई है। शिवसेना (UBT) के मुख्य प्रवक्ता और राज्यसभा सांसद संजय राउत ने पार्टी के मुखपत्र ‘सामना’ के ताजा संपादकीय में मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे पर शब्दों के सबसे तीखे बाण चलाए हैं। राउत ने सांसदों के इस दल-बदल को ‘500 करोड़ रुपये का प्रसव’ करार देते हुए महायुति सरकार की नैतिकता पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं।
इस विस्फोटक लेख में राउत ने तंज कसते हुए कहा है कि महाराष्ट्र में ज्वलंत मुद्दों का अंबार लगा है, लेकिन सरकार गद्दारी के सफल होने का जश्न मनाने में व्यस्त है। संजय राउत ने कहा सीएम कर्जमाफी और नीट पेपर लीक जैसी समस्याओं को छोड़कर गद्दारी का जश्न मना रहे हैं।
ऑपरेशन टाइगर में हुआ 500 करोड़ खर्च
मानसून सत्र की पूर्व संध्या पर मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के बयान (‘ऑपरेशन सफल रहा और मरीज ठीक है’) पर पलटवार करते हुए संजय राउत ने बेहद आपत्तिजनक उपमाओं का इस्तेमाल किया। राउत ने लिखा, “मुख्यमंत्री फडणवीस के बयान का संक्षेप में मतलब यही था कि शिंदे ‘प्रसूता’ हुए और उन्होंने एक साथ छह तंदुरुस्त गद्दारों को जन्म दिया। लेकिन यह प्रसव सामान्य नहीं था; इसे सफल बनाने के लिए कम से कम 500 करोड़ रुपये का पानी बहाया गया है। अब राजनीतिक गलियारों में इस बात पर गहन संशोधन चल रहा है कि इन बच्चों का असली बाप कौन है? शिंदे ने गद्दारों को जन्म दिया और दिल्ली में अमित शाह पेड़े बांट रहे हैं।”
‘सूखा, पानी की किल्लत और किसानों को भगवान भरोसे छोड़ गद्दारों पर पैसों की बारिश’
संपादकीय के जरिए संजय राउत ने राज्य के गंभीर संकटों की ओर ध्यान आकर्षित करते हुए महायुति को आड़े हाथों लिया। उन्होंने लिखा, “महाराष्ट्र के सामने आज सवालों का पहाड़ खड़ा है। बारिश लंबी खिंचने से ग्रामीण इलाकों में पानी और चारे की भीषण किल्लत है, जिससे भारी पलायन होने वाला है। मुंबई को पानी देने वाले जलाशयों में स्टॉक घटकर 8.5 प्रतिशत रह गया है। लेकिन सरकार को इसकी रत्ती भर चिंता नहीं है। किसानों को 50-100 करोड़ में तोड़ने के बजाय अगर वह पैसा सूखाग्रस्त किसानों को दिया जाता तो उनका भला होता। आज ‘विधायक-सांसद’ बाजार का ‘माल’ बन गए हैं और उन्हें जोरदार भाव मिल रहा है।”
‘नीट’ पेपर लीक और लाड़ली बहनों के धोखे पर विपक्ष घेरेगा सरकार को
राउत ने राष्ट्रीय स्तर पर गरमाए ‘नीट’ (NEET) पेपर लीक मामले का केंद्र भी महाराष्ट्र को बताते हुए भाजपा को घेरा। उन्होंने दावा किया कि इस घोटाले में राज्य से जो लोग पकड़े गए हैं, वे सीधे तौर पर भाजपा परिवार से जुड़े हुए हैं। इसके साथ ही उन्होंने ‘लाड़ली बहन योजना’ पर निशाना साधते हुए कहा कि चुनाव खत्म होते ही 81 लाख बहनों का पैसा बंद कर उन्हें भगवान भरोसे छोड़ दिया गया है। राउत ने चेतावनी देते हुए कहा कि राज्य में दोनों सदनों में नेता प्रतिपक्ष (LoP) का पद खाली रखकर लोकतंत्र का गला घोंटा जा रहा है, लेकिन विपक्ष इस मानसून सत्र में नीट और किसान कर्जमाफी के मुद्दे पर सरकार को पूरी तरह ठप कर देगा।











