Government Schools Painted On Diwali-दीपावली से पहले सरकारी स्कूल भी चमकेंगे! शिक्षा विभाग ने स्कूलों में रंग-रोगन के दिए निर्देश
शिक्षा निदेशालय ने कहा है कि ये स्कूल ₹15 हजार से लेकर ₹2 लाख तक की राशि खर्च करके इन कार्यों को तत्काल पूरा करें। यह आदेश केवल उन्हीं 20,250 सीनियर सेकेंडरी स्कूलों पर लागू होगा, जिनके पास विद्यार्थी विकास कोष में पर्याप्त राशि मौजूद है।

Government Schools Painted On Diwali/दीपावली के त्योहार से पहले प्रदेश के सभी राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालयों को आकर्षक और स्वच्छ बनाने की पहल की गई है।
Government Schools Painted On Diwali/माध्यमिक शिक्षा निदेशक सीताराम जाट (IAS) ने एक आदेश जारी कर उन सभी सीनियर सेकेंडरी स्कूलों में रंग-रोगन, पेंटिंग और मरम्मत कार्य करवाने के निर्देश दिए हैं, जिनके पास विद्यार्थी विकास कोष (Student Development Fund) में पर्याप्त धनराशि उपलब्ध है। यह आदेश 4 अक्टूबर 2025 को शिक्षा सचिव कृष्ण कुणाल की अध्यक्षता में हुई बैठक के निर्देशों के क्रम में जारी किया गया है।
Government Schools Painted On Diwali/शिक्षा निदेशालय ने कहा है कि ये स्कूल ₹15 हजार से लेकर ₹2 लाख तक की राशि खर्च करके इन कार्यों को तत्काल पूरा करें। यह आदेश केवल उन्हीं 20,250 सीनियर सेकेंडरी स्कूलों पर लागू होगा, जिनके पास विद्यार्थी विकास कोष में पर्याप्त राशि मौजूद है।
खास बात यह है कि आमतौर पर मरम्मत का काम होता रहता है, लेकिन दीपावली से पहले सफाई, रंग-रोगन और गेट पेंटिंग का आदेश पहली बार जारी किया गया है। शिक्षा विभाग का उद्देश्य है कि त्योहारी सीजन में सरकारी स्कूल भी घरों की तरह स्वच्छ और आकर्षक दिखें।
निर्देशों के अनुसार, यह कार्य राजस्थान लोक उपापन पारदर्शिता अधिनियम 2012 और नियम 2013 के तहत करवाया जाएगा। स्कूलों की दीवारें, नाम पट्ट, गेट और मुखमंडल (फ्रंट फसाड) एक समान रंग संयोजन में पेंट किए जाएंगे, जिसके लिए कलर कोड और डिजाइन पैटर्न सभी स्कूलों को भेजा गया है।
इसे सर्वोच्च प्राथमिकता से लागू करने को कहा गया है ताकि दीपावली से पहले सभी कार्य पूरे हो सकें। बता दें कि विद्यार्थी विकास कोष में छात्रों से ली जाने वाली विभिन्न फीस (जैसे प्रवेश शुल्क, परीक्षा शुल्क आदि) जमा की जाती है, जिसका उपयोग स्कूल के छोटे विकास कार्यों के लिए किया जाता है।









