ITR File Last Date: ITR फाइलिंग की आखिरी घड़ी में पोर्टल बार-बार हो रहा ठप, क्या सरकार बढ़ाएगी डेडलाइन?

ITR File Last Date।इनकम टैक्स रिटर्न (ITR) फाइल करने की अंतिम तारीख अब बस कुछ ही घंटों दूर है. सरकार ने पहले 31 जुलाई की डेडलाइन को बढ़ाकर 15 सितंबर कर दिया था, ताकि टैक्सपेयर्स को राहत मिल सके.
ITR File Last Date।लेकिन जैसे-जैसे वक्त खत्म हो रहा है, टैक्सपेयर्स, चार्टर्ड अकाउंटेंट्स और वित्तीय पेशेवर सोशल मीडिया पर अपनी चिंता जाहिर कर रहे हैं.
लोगों का कहना है कि इनकम टैक्स पोर्टल बहुत स्लो चल रहा है, बार-बार एरर आ रहे हैं और कई बार तो लॉगिन तक नहीं हो पा रहा. यही वजह है कि अब सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर #Extend_Due_Date_Immediately जैसे हैशटैग तेजी से ट्रेंड कर रहे हैं. यूजर्स लगातार स्क्रीनशॉट्स और वीडियो शेयर कर पोर्टल की तकनीकी खराबियों को उजागर कर रहे हैं.
टैक्सपेयर्स ने सरकार से डेडलाइन बढ़ाने की मांग जोर-शोर से करनी शुरू कर दी है. एक यूजर ने लिखा, ITR पोर्टल दिन-ब-दिन धीमा होता जा रहा है, काम करना नामुमकिन हो गया है. सरकार तुरंत डेडलाइन बढ़ाए, वरना लाखों लोग पेनल्टी झेलेंगे.
दूसरे ने सवाल किया, 16 से ज्यादा संगठन डेडलाइन बढ़ाने की मांग कर चुके हैं, फिर भी कोई सुनवाई क्यों नहीं हो रही? एक टैक्सपेयर ने साझा किया, मैंने 15 बार कोशिश की, हर बार Sorry! You do not have access to page का ही मैसेज मिलता है.
इसके साथ ही सोशल मीडिया पर तंज और कटाक्ष भी देखने को मिल रहे हैं. किसी ने मज़ाकिया अंदाज़ में कहा, डेडलाइन तो बढ़ेगी ही, तब तक पोर्टल का जुपला डांस देखिए. वहीं दूसरे यूजर्स ने सवाल उठाया कि फॉर्म लेट, पोर्टल लेट, लेकिन पेनल्टी हमेशा टाइम पर क्यों लगती है?
फाइनेंशियल इंडस्ट्री एम्प्लॉयीज एसोसिएशन (FIEA) ने सरकार और CBDT को पत्र लिखकर डेडलाइन बढ़ाने का आग्रह किया है.ITR File Last Date
उनका कहना है कि इस साल आई बाढ़, तकनीकी दिक्कतें और बढ़ता हुआ कंप्लायंस बोझ टैक्सपेयर्स के लिए मुश्किलें बढ़ा रहा है. संगठनों की ओर से लगातार अपीलें आने के बावजूद अभी तक इनकम टैक्स विभाग की तरफ से कोई आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है. यह सवाल खड़ा हो रहा है कि क्या सरकार जनता की इस मांग को गंभीरता से लेगी?
क्या हैं डेडलाइन बढ़ने के आसार?ITR File Last Date
सरकारी आंकड़ों के मुताबिक अब तक लगभग 6 करोड़ से ज्यादा ITR फाइल हो चुके हैं. पिछले साल यह आंकड़ा 7.28 करोड़ था, और इस बार लगभग 10 प्रतिशत बढ़ोतरी की उम्मीद है. अनुमान है कि अंत तक कुल फाइलिंग 8 करोड़ से ऊपर पहुंच सकती है.









