6000 रुपये अतिरिक्त मानदेय, शिक्षकों और पेंशनधारियों को भी मिला तोहफा

पटना। आगामी विधानसभा चुनाव से पहले बिहार की नीतीश सरकार जनता को साधने के लिए एक के बाद एक बड़े फैसले ले रही है।
मंगलवार को मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में बीएलओ, सुपरवाइजर, शिक्षक और पेंशनधारियों के लिए कई महत्वपूर्ण घोषणाएं की गईं, जो सीधे तौर पर लाखों लोगों को राहत और आर्थिक लाभ पहुंचाएंगी।
कैबिनेट ने विशेष मतदाता पुनरीक्षण अभियान में लगे 77,895 बीएलओ और 8,245 सुपरवाइजरों को एकमुश्त 6000 रुपये अतिरिक्त मानदेय देने के प्रस्ताव को मंजूरी दी है।
इसके लिए सरकार ने कुल 51 करोड़ 68 लाख 40 हजार रुपये की स्वीकृति दी है, जो वार्षिक मानदेय के अतिरिक्त भुगतान किया जाएगा।
इसके साथ ही अनुदानित माध्यमिक और उच्च माध्यमिक विद्यालयों में कार्यरत शिक्षकों और शिक्षकेतर कर्मचारियों को भी बड़ी राहत दी गई है। सरकार ने इनके वेतन भुगतान और विद्यालयों में बेहतर शैक्षणिक वातावरण निर्माण के लिए 3 अरब 94 करोड़ 41 लाख 24 हजार रुपये के बजट को मंजूरी दी है।
बम निरोधक दस्ते के कर्मियों को भी जोखिम भत्ते के रूप में मूल वेतन का 30% अलग से दिए जाने का फैसला किया गया है, जो डीए से अलग होगा। यह निर्णय उन कर्मचारियों के लिए बड़ा प्रोत्साहन है जो लगातार खतरे से जूझते हुए ड्यूटी निभा रहे हैं।
गौरतलब है कि कुछ ही दिनों पहले मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने बुजुर्गों, विधवाओं और दिव्यांगों के लिए चलाई जा रही सामाजिक सुरक्षा योजनाओं के तहत पेंशन राशि में भी वृद्धि की थी। अब तक 400 रुपये मिल रहे थे, लेकिन जून के अंत में इसे बढ़ाकर 1100 रुपये कर दिया गया। 11 जुलाई को सरकार ने इस बढ़ी हुई पेंशन के तहत 1 करोड़ 11 लाख लाभार्थियों के खाते में 1227 करोड़ रुपये ट्रांसफर किए।











