हिंदू संगठनों का हंगामा: सरगुजा में चंगाई सभा बंद, धर्मांतरण के आरोपों से मचा बवाल

छत्तीसगढ़ के सरगुजा जिले के बतौली ब्लॉक में तीन दिवसीय चंगाई सभा के आयोजन को लेकर हंगामा मच गया। हिंदूवादी संगठनों के पदाधिकारियों ने आयोजन का विरोध करते हुए सभा को बंद कराने की मांग की। विरोध बढ़ने पर प्रशासन मौके पर पहुंचा और आयोजन को तत्काल रोक दिया गया। बताया जा रहा है कि यह कार्यक्रम बिना अनुमति के किया जा रहा था, जिसके चलते टेंट और पंडाल भी हटवा दिए गए।

जानकारी के मुताबिक, बालमपुर पंचायत के रतनपुर गांव में ईसाई समाज द्वारा यह तीन दिवसीय चंगाई सभा रखी गई थी। इसमें सीतापुर, बतौली और मैनपाट ब्लॉकों से करीब 500 लोग शामिल हुए थे। हिंदू संगठनों को जब आयोजन की जानकारी मिली तो उन्होंने मौके पर पहुंचकर आरोप लगाया कि इस सभा की आड़ में धर्मांतरण की साजिश की जा रही है।

स्थिति बिगड़ने पर एसडीओपी सीतापुर राजेंद्र मंडावी और तहसीलदार गोविंद सिन्हा मौके पर पहुंचे। प्रशासन ने माहौल को देखते हुए कार्यक्रम बंद करने का निर्देश दिया। इसके बाद प्रदर्शनकारियों ने टेंट और पंडाल उखाड़ दिए।

तहसीलदार ने बताया कि आयोजन के लिए किसी प्रकार की अनुमति नहीं ली गई थी, इसलिए कार्रवाई की गई। वहीं, स्थानीय ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि भविष्य में ऐसे आयोजन बिना अनुमति के हुए तो पूरा गांव सड़कों पर उतर आएगा।

विरोध प्रदर्शन में शामिल स्थानीय युवाओं ने कहा कि यह सभा धर्मांतरण की साजिश का हिस्सा है और ग्रामीणों को बहकाने की कोशिश की जा रही है। प्रदर्शन में नरेंद्र कुमार पैकरा, मनोज लकड़ा, राजेश्वर मिंज, संदीप लकड़ा सहित कई ग्रामीण शामिल थे। फिलहाल पुलिस ने इलाके में अतिरिक्त बल तैनात कर स्थिति पर नजर बनाए रखी है।