12वीं हिंदी पेपर लीक मामले में बड़ा खुलासा, PTI टीचर समेत दो आरोपी गिरफ्तार

छत्तीसगढ़ में 12वीं बोर्ड परीक्षा के हिंदी पेपर लीक मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए दो और आरोपियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों में एक बेमेतरा जिले में पदस्थ पीटीआई शिक्षक शामिल है। पुलिस के अनुसार इसी शिक्षक ने हाथ से लिखा हुआ प्रश्नपत्र एनएसयूआई नेता तक पहुंचाया था। मामले में लगातार पूछताछ और जांच जारी है।
एनएसयूआई नेता तक ऐसे पहुंचा पेपर
पुलिस अधिकारियों के मुताबिक माध्यमिक शिक्षा मंडल की शिकायत पर 17 मार्च 2026 को हिंदी पेपर लीक का मामला दर्ज किया गया था। जांच के दौरान पुलिस ने पहले एनएसयूआई नेता वेणु कुमार जंघेल को गिरफ्तार किया, जिसे इस पूरे मामले का मास्टरमाइंड बताया जा रहा है।
पूछताछ में सामने आया कि बेमेतरा जिले के ग्राम बोरतरा स्थित हायर सेकेंडरी स्कूल में पदस्थ पीटीआई शिक्षक जवाहर लाल कुर्रे ने हाथ से लिखा हुआ प्रश्नपत्र वेणु कुमार को उपलब्ध कराया था। इस दौरान विकास सेन भी मौजूद था। पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।
टेलीग्राम पर परीक्षा से पहले वायरल हुआ पेपर
जानकारी के मुताबिक 13 मार्च की रात टेलीग्राम ग्रुप में 12वीं बोर्ड हिंदी पेपर लीक होने का मैसेज वायरल हुआ था। मैसेज के साथ प्रश्नपत्र की तस्वीर भी साझा की गई थी। इसमें 15 सवाल हाथ से लिखे हुए थे और पेपर के असली प्रारूप जैसा दिख रहा था।
बताया जा रहा है कि परीक्षा शुरू होने से करीब 10 घंटे पहले यह पेपर सोशल मीडिया पर फैल गया था। कुछ ही मिनटों में हजारों छात्रों तक यह मैसेज पहुंच गया। पुलिस अब इस पूरे नेटवर्क और पेपर वायरल करने वालों की कड़ियां जोड़ने में जुटी है।
जांच के दायरे में कई अधिकारी
पेपर लीक मामले में पुलिस ने जांच का दायरा बढ़ा दिया है। बेमेतरा जिले में पदस्थ परीक्षा केंद्र प्रभारी और कंट्रोलर भी जांच के घेरे में बताए जा रहे हैं। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि आने वाले दिनों में इस मामले में और गिरफ्तारियां हो सकती हैं।
सहायक पुलिस आयुक्त दीपक मिश्रा ने बताया कि मामले की जांच लगातार जारी है और कई लोगों से पूछताछ की जा रही है। पुलिस पूरे नेटवर्क का पता लगाने में जुटी हुई है।











