धमतरी: जिगरी दोस्त की बेरहमी से कर दी हत्या, न्यायालय ने आरोपी को सुनाई आजीवन कारावास की सजा

धमतरी: जिले के बिरेझर पुलिस चौकी अंतर्गत सिर्री पुल हत्याकांड में आरोपी के दोषसिद्ध पाये जाने पर वैज्ञानिक एवं प्रभावी विवेचना के आधार पर माननीय न्यायालय द्वारा आरोपी को आजीवन कारावास तथा 07 वर्ष के सश्रम कारावास की सजा सुनाई है. वहीं उत्कृष्ट विवेचना हेतु पुलिस अधीक्षक धमतरी द्वारा तत्कालीन चौकी प्रभारी निरीक्षक चंद्रकांत साहू को सेवा पुस्तिका में प्रशंसा अंक एवं 500/- रुपए नगद प्रदान कर सम्मानित किया गया है.
बता दे कि बीते वर्ष 9 अक्टूबर को ग्राम सिर्री रोड स्थित बड़े नहर में एक अज्ञात शव मिला, जिसकी सूचना पर चौकी बिरेझर पुलिस द्वारा मर्ग कायम कर जांच प्रारंभ की गई. जांच में शव की पहचान ग्राम कंडेल निवासी किशोर साहू पिता चंद्रहास साहू, उम्र 22 वर्ष के रूप में हुई. पोस्टमार्टम रिपोर्ट एवं घटनास्थल निरीक्षण के दौरान मृतक के दोनों हाथ पीछे से व दोनों पैर बंधे पाए जाने पर हत्या की पुष्टि हुई, जिस पर अज्ञात आरोपी के विरुद्ध अपराध पंजीबद्ध कर विस्तृत विवेचना प्रारंभ की गई.
आरोपी मृतक का जिगरी दोस्त था
जांच के दौरान प्राप्त साक्ष्यों एवं संबंधित व्यक्तियों से पूछताछ में यह तथ्य सामने आया कि मृतक को अंतिम बार ग्राम गागरा निवासी मुकेश साहू पिता कुशल राम साहू उम्र 27 वर्ष के साथ देखा गया था. हिरासत में पूछताछ करने पर आरोपी ने स्वीकार किया कि शराब सेवन के दौरान वह मृतक को नहर किनारे लेकर गया, जहाँ उसके हाथ-पैर बांधकर पानी में डुबोकर हत्या कर दी तथा साक्ष्य छिपाने हेतु मोबाइल फोन, नंबर प्लेट एवं अन्य सामग्री नहर में फेंक दी. आरोपी की निशानदेही पर घटना में प्रयुक्त सामग्री बरामद की गई.
नहीं मिला प्रत्यक्षदर्शी गवाह, बावजूद पुलिस ने तैयार किया मजबूत केस
प्रकरण में अपराध क्रमांक 416/24 धारा 103(1) एवं 238 बीएनएस के तहत अपराध पंजीबद्ध कर आरोपी को न्यायिक रिमांड पर भेजा गया. प्रकरण में कोई भी प्रत्यक्षदर्शी गवाह नहीं था. इसके बावजूद धमतरी पुलिस द्वारा वैज्ञानिक पद्धति से साक्ष्य संकलन, घटनास्थल निरीक्षण, परिस्थितिजन्य तथ्यों का विश्लेषण एवं तकनीकी सहायता के आधार पर मजबूत केस तैयार किया गया, जिसके परिणामस्वरूप आरोपी को पूरे विचारण उपरांत अपर सत्र न्यायाधीश, द्वितीय अतिरिक्त सत्र न्यायालय धमतरी द्वारा आरोपी को आजीवन कारावास, 07 वर्ष का सश्रम कारावास एवं अर्थदंड से दंडित किया गया. आरोपी मुकेश साहू को दोषसिद्ध कराते हुए न्यायालय द्वारा कठोर सजा दिलाई गई, जो धमतरी पुलिस की दक्षता एवं प्रभावी विवेचना का उत्कृष्ट उदाहरण है.











