नकटी गांव में मकान तोड़ने के विरोध में कांग्रेस का प्रदर्शन, पुनर्वास की मांग तेज

नवा रायपुर के नकटी गांव में विधायक आवास निर्माण के लिए 85 से अधिक परिवारों के मकान तोड़े जाने के विरोध में कांग्रेस ने प्रदर्शन किया। जिला कांग्रेस कमेटी गौरेला-पेंड्रा-मरवाही के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए मुख्यमंत्री और वित्त मंत्री का पुतला दहन किया। प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि प्रभावित परिवारों के पुनर्वास की व्यवस्था किए बिना उन्हें बेघर किया गया, जो गरीबों के साथ अन्याय है।
जिला कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष गजमती भानू के नेतृत्व में आयोजित प्रदर्शन में पार्टी नेताओं ने प्रदेश सरकार पर गरीब विरोधी नीतियां अपनाने का आरोप लगाया। उनका कहना था कि वर्षों से बसे परिवारों को बिना वैकल्पिक आवास उपलब्ध कराए हटाना अमानवीय कदम है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस गरीबों, आदिवासियों और आम नागरिकों के अधिकारों की रक्षा के लिए लगातार संघर्ष करती रहेगी।
पूर्व विधायक डॉ. के.के. ध्रुव ने कहा कि किसी भी विकास कार्य से पहले प्रभावित परिवारों के पुनर्वास और उचित मुआवजे की व्यवस्था करना सरकार की जिम्मेदारी है। उन्होंने आरोप लगाया कि बिना वैकल्पिक व्यवस्था के लोगों को बेघर करना संवेदनहीन निर्णय है।
मरवाही के छाया विधायक गुलाब राज ने कहा कि कांग्रेस प्रभावित परिवारों के साथ मजबूती से खड़ी है और उनके अधिकारों की रक्षा के लिए आंदोलन जारी रहेगा। वहीं आदिवासी कांग्रेस के अध्यक्ष बेचू राम और जिला कांग्रेस प्रवक्ता ओमप्रकाश बंका ने भी सरकारी कार्रवाई की आलोचना करते हुए कहा कि गरीबों और आदिवासियों के हितों की अनदेखी किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं की जाएगी। कांग्रेस ने प्रभावित परिवारों के पुनर्वास, उचित मुआवजा और न्यायपूर्ण कार्रवाई की मांग दोहराई।











