बलिया: पुलिस और राजस्व टीम पर हमला करने वालों पर बड़ी कार्रवाई, 5 महिलाओं समेत 7 गिरफ्तार

बलिया: खेजुरी थाना क्षेत्र के हथौज गांव में अतिक्रमण हटाने गई पुलिस और राजस्व टीम पर जानलेवा हमला करने के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है. पुलिस ने घटना में शामिल 5 महिलाओं समेत कुल 7 आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है. यह कार्रवाई उच्च न्यायालय के आदेश के अनुपालन के दौरान हुई हिंसा के बाद की गई है.
क्या है पूरा मामला?
इलाहाबाद उच्च न्यायालय में लंबित अवमानना वाद संख्या-6483/2025 (बनाम रामबचन) के आदेश पर ग्राम हथौज में स्थित तालाब की जमीन से अवैध अतिक्रमण हटाया जाना था. उपजिलाधिकारी सिकन्दरपुर के निर्देश पर 3 फरवरी को डिप्टी कलेक्टर/तहसीलदार देवेन्द्र कुमार पाण्डेय, नायब तहसीलदार चन्द्रप्रकाश यादव और थानाध्यक्ष खेजुरी की संयुक्त टीम मौके पर पहुंची थी.
शालीनता से शुरू हुई कार्रवाई, फिर भड़की हिंसा
प्रशासनिक टीम ने जब विपक्षी रामबचन राम के घर पहुंचकर शांतिपूर्ण ढंग से अतिक्रमण हटाने की प्रक्रिया शुरू की, तभी रामबचन और उसके परिवार की महिलाओं ने जेसीबी के आगे कूदकर काम रोकने का प्रयास किया. आरोप है कि इसी दौरान गांव के झारखण्डेय राय और उसके पुत्र गौरव राय के उकसाने पर करीब 100-150 ग्रामीण (महिला-पुरुष) लाठी-डंडा, फावड़ा, कुदाल और ईंट-पत्थर लेकर टीम पर टूट पड़े. भीड़ ने अधिकारियों और कर्मचारियों को जान से मारने की नियत से दौड़ा-दौड़ा कर पीटा, जिससे कई कर्मचारी गंभीर रूप से घायल हो गए.
इन धाराओं में दर्ज हुआ मुकदमा
क्षेत्रीय लेखपाल अमित कुमार राय की तहरीर पर खेजुरी पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) और 7 CLA एक्ट की गंभीर धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज किया है. इनमें 3(5), 109(1), 190, 191(2), 191(3), 115(2), 352, 351(3), 221, 224, 121(1), 121(2), 125 और 7 सीएलए एक्ट धाराएं शामिल है.
वीडियो साक्ष्यों के आधार पर हुई गिरफ्तारी
पुलिस ने घटना के समय बनाए गए वीडियो और अन्य फुटेज के जरिए उपद्रवियों की पहचान की. पकड़े गए आरोपियों में तेज बहादुर राम पुत्र राम बचन राम, हरिशंकर राम पुत्र स्व. घमड़ी राम, कौशल्या देवी पत्नी गोविन्द राम, गायत्री देवी पत्नी विनोद राम, जानकी देवी पत्नी तेजबहादुर राम, सुनीता देवी पत्नी सरोज राम, कुमारी नीतू पुत्री सरोज राम. पुलिस का कहना है कि अन्य उपद्रवियों की तलाश जारी है और सरकारी कार्य में बाधा डालने व हमला करने वालों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा.











