विटामिन सी या रेटिनॉल, डर्मेटालॉजिस्ट से जानें आपके फेस स्किन को किसकी है जरूरत?

आजकल मार्केट में कई तरह की क्रीम और सीरम मिलते हैं। जिनमे विटामिन सी, रेटिनॉल और नियासिनामाइड मिला होता है। और, ये प्रोडक्ट चेहरे के दाग-धब्बे, झुर्रियां हटाकर ग्लो लाने का दावा करते हैं। ये तीन इंग्रीडिएंट्स स्किन केयर में इस्तेमाल होते हैं। जो काफी इफेक्टिव रहते हैं। लेकिन आप कैसे जान पाएंगी कि इनमे से कौन सा इंग्रीडिएंटस आपको लगाने की जरूरत है। इस बारे में डर्मेटोलॉजिस्ट ने सोशल मीडिया पर पोस्ट किया है और शेयर किया है कि विटामिन सी, नियासिनामाइड या रेटिनॉल में से कब किसका इस्तेमाल करना चाहिए।
नियासिनामाइड
इस इंग्रीडिएंट का नाम काफी सारे सीरम या क्रीम में लिखा होता है। इसे स्किन पर लगाने से पहले जान लें कि ये किस टाइप की स्किन के लिए अच्छा होता है। अगर आपकी स्किन ऑयली है,एक्ने होते हैं, सेंसेटिव है तो नियासिनामाइड लगाएं। ये ऑयल कंट्रोल करने के साथ ही चेहरे पर दिख रहे धब्बों को हल्का करेगा। साथ ही एक्ने वगैरह की वजह से चेहरे पर दिखने वाली रेडनेस को भी खत्म करेगी। डेली यूज करने के लिए ये नियासिनामाइड बेस्ट है।
विटामिन सी
विटामिन सी को अब्जॉर्बिक एसिड के नाम से भी जानते हैं। जिन लोगों के चेहरे पर डलनेस दिखती है, पिग्मेंटेशन रहता है, होंठों के आसपास की स्किन में कालापन दिखता है। ऐसे लोगों को विटामिन सी का इस्तेमाल करना चाहिए। विटामिन सी लगाने से स्किन में ब्राइटनेस आती है और साथ ही स्किन का कलर एक सा दिखने में मदद होती है। लेकिन विटामिन सी में मौजूद एंटीऑक्सीडेंट्स की वजह से कई बार सेंसेटिव स्किन को इरिटेट करने लगता है। इसलिए केवल 10 प्रतिशत वाला लगाने से शुरू करें।
रेटिनॉल
रेटिनॉल विटामिन ए का एक रूप है जो स्किन पर यूज किया जाता है। ये सेसेंटिव, ऑयली और एक्ने वाली स्किन के लिए अच्छा होता है। ये ऑयल को कंट्रोल कर दाग-धब्बों को कम करता है। रेटिनॉल का इस्तेमाल बढ़ती उम्र में होने वाली एक्ने और दाग-धब्बों की समस्या के लिए एंटी एजिंग की तरह इस्तेमाल करना चाहिए।
ध्यान में रखें ये बात
कभी भी रेटिनॉल और विटामिन सी भूलकर भी साथ में नहीं लगाना चाहिए।










